कीटनाशक सेवन से मां समेत तीन मासूम बेटियों की मौत, 7 वर्षीय बेटी ने पड़ोसियों को बताई पूरी घटना

शहडोल के हिरवाह गांव में हृदयविदारक घटना, आर्थिक और पारिवारिक कारणों समेत सभी पहलुओं की जांच में जुटी पुलिस
शहडोल ( शिखर दर्शन ) // मध्यप्रदेश के शहडोल जिले के पपौंध थाना क्षेत्र स्थित हिरवाह गांव में रविवार को एक दर्दनाक घटना ने पूरे इलाके को झकझोर दिया। एक महिला और उसकी तीन मासूम बेटियों की कीटनाशक सेवन के बाद मौत हो गई। घटना के बाद गांव में शोक और सन्नाटा पसरा हुआ है। पुलिस मामले की हर पहलू से जांच कर रही है।
मृतकों में मां और तीन बेटियां शामिल
मृतकों की पहचान अनिता सिंह (32), रितिका (7), कृष्णकुमारी (4) और अर्पिता (2) के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि घटना के समय घर में मां और उसकी तीनों बेटियां ही मौजूद थीं।
बड़ी बेटी ने पड़ोसियों को दी जानकारी
जानकारी के अनुसार अनिता का पति रोजगार के सिलसिले में बाहर रहता है। रविवार सुबह महिला ने अपनी तीनों बेटियों को कीटनाशक दे दिया और बाद में स्वयं भी उसका सेवन कर लिया। इसके बाद चारों की तबीयत बिगड़ने लगी।
बताया गया कि 7 वर्षीय रितिका किसी तरह घर से बाहर निकली और पड़ोसियों को पूरी घटना की जानकारी दी। पड़ोसी तत्काल चारों को लेकर ब्यौहारी अस्पताल पहुंचे, जहां महिला और दो छोटी बेटियों को मृत घोषित कर दिया गया। वहीं रितिका ने उपचार के दौरान दम तोड़ दिया।
खांसी की दवा बताकर दिया था पदार्थ
पपौंध थाना प्रभारी बृजेंद्र मिश्रा ने बताया कि प्रारंभिक जानकारी में रितिका ने बताया था कि उसकी मां ने खांसी की दवा बताकर कोई पदार्थ दिया था। पुलिस को मौके से एल्यूमिनियम फॉस्फाइड का एक पैकेट भी मिला है, जिसे जांच के लिए सुरक्षित रखा गया है।
घर में दस्तावेज और सामान में भी लगाई गई आग
जांच के दौरान यह भी सामने आया कि घर में रखे कुछ दस्तावेज, कपड़े, फोटो और अनाज में आग लगाए जाने के संकेत मिले हैं। पुलिस इन तथ्यों की भी जांच कर रही है ताकि घटना के पीछे की वास्तविक वजह सामने आ सके।
आर्थिक स्थिति और पारिवारिक परिस्थितियों की जांच
पुलिस के अनुसार परिवार मूल रूप से तिखवा गांव का रहने वाला है। वर्तमान में अनिता अपनी सात एकड़ कृषि भूमि पर बने प्रधानमंत्री आवास में बच्चों के साथ रह रही थी। पति बाहर रहकर परिवार का भरण-पोषण करता था, जबकि महिला भी मजदूरी कर घर चलाने में सहयोग करती थी।
अनिता अपने सास-ससुर से अलग रह रही थी। ऐसे में पुलिस पारिवारिक, आर्थिक, मानसिक तनाव या अन्य संभावित कारणों को ध्यान में रखकर विस्तृत जांच कर रही है।
पोस्टमार्टम के बाद आगे की कार्रवाई
पुलिस ने मर्ग कायम कर शवों को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया है। परिजनों, पड़ोसियों और मायके पक्ष के लोगों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही घटना के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा।


