30 मई महाकाल आरती: त्रिपुंड अर्पित कर बाबा महाकालेश्वर का दिव्य श्रृंगार, यहां कीजिए दर्शन

भस्म आरती में उमड़े श्रद्धालु, बाबा महाकाल के जयकारों से गूंजा मंदिर परिसर
उज्जैन ( शिखर दर्शन ) // विश्व प्रसिद्ध बाबा महाकाल की नगरी उज्जैन स्थित श्री महाकालेश्वर मंदिर में शनिवार तड़के भस्म आरती विशेष पूजा-अर्चना और दिव्य श्रृंगार के साथ संपन्न हुई। सुबह 4 बजे मंदिर के कपाट खुलने के बाद पुजारियों ने गर्भगृह में विराजित सभी देवी-देवताओं का विधिवत पूजन कर भगवान महाकाल का जलाभिषेक किया। इसके बाद दूध, दही, घी, शहद और फलों के रस से निर्मित पंचामृत से अभिषेक किया गया।
भांग, चंदन और आभूषणों से हुआ अलौकिक श्रृंगार
भस्म आरती के अवसर पर भगवान महाकाल का भांग, चंदन और आभूषणों से विशेष श्रृंगार किया गया। बाबा के मस्तक पर त्रिपुंड अर्पित कर उन्हें आकर्षक और दिव्य स्वरूप प्रदान किया गया। वैदिक मंत्रोच्चार और धार्मिक विधि-विधान के बीच पूजा-अर्चना संपन्न हुई।
भस्म रमाने के बाद हुआ विशेष अलंकरण
भस्म अर्पण से पूर्व प्रथम घंटाल बजाकर हरिओम का जल अर्पित किया गया और भगवान का ध्यान किया गया। कपूर आरती के बाद ज्योतिर्लिंग को वस्त्र से ढांककर भस्म रमाई गई। इसके पश्चात शेषनाग का रजत मुकुट, रजत की मुण्डमाल, रुद्राक्ष की माला तथा सुगंधित पुष्पों की मालाएं अर्पित की गईं। दिव्य आभूषणों और फूलों से बाबा महाकाल का अलंकरण किया गया।
नंदी महाराज के कान में भक्तों ने कही मनोकामनाएं
सुबह की भस्म आरती में बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए और भगवान महाकाल के दर्शन कर पुण्य लाभ अर्जित किया। भक्तों ने नंदी महाराज के दर्शन कर उनके कान में अपनी मनोकामनाएं व्यक्त कीं तथा सुख-समृद्धि की कामना की। पूरे मंदिर परिसर में बाबा महाकाल के जयकारों से भक्तिमय वातावरण बना रहा।



