बैतूल को 443 करोड़ से अधिक की सौगात, 3.69 लाख तेंदूपत्ता संग्राहकों के खातों में पहुंचे 30 करोड़ रुपये

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 52 विकास कार्यों का किया भूमिपूजन और 55 का लोकार्पण, युवाओं के लिए एक लाख पदों पर भर्ती प्रक्रिया जारी होने की दी जानकारी
बैतूल ( शिखर दर्शन ) // मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शनिवार, 31 अक्टूबर को बैतूल जिले को विकास और जनकल्याण से जुड़ी कई सौगातें दीं। पुलिस ग्राउंड में आयोजित कार्यक्रम में उन्होंने सिंगल क्लिक के माध्यम से 3.69 लाख तेंदूपत्ता संग्राहकों के खातों में 30 करोड़ रुपये से अधिक की बोनस राशि अंतरित की। इसके साथ ही ग्राम वन समितियों के सदस्यों को 13 करोड़ रुपये से अधिक की काष्ठ लाभांश राशि भी प्रदान की गई। मुख्यमंत्री ने 297 करोड़ रुपये से अधिक लागत के 52 विकास कार्यों का भूमिपूजन और 145 करोड़ रुपये से अधिक लागत के 55 कार्यों का लोकार्पण किया। इस तरह जिले को कुल 443 करोड़ रुपये से अधिक के विकास कार्यों की सौगात मिली।
कार्यक्रम से पहले मुख्यमंत्री ने स्थानीय नागरिकों का पुष्पवर्षा कर स्वागत किया और विकास एवं जनकल्याणकारी योजनाओं पर आधारित प्रदर्शनी का अवलोकन किया।
तेंदूपत्ता संग्राहकों और वन समितियों को आर्थिक लाभ
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में राज्य सरकार जनहितैषी योजनाओं को आगे बढ़ा रही है। गरीबों, किसानों, युवाओं और महिलाओं के कल्याण के लिए लगातार काम किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि दक्षिण बैतूल, पश्चिम बैतूल, उत्तर बैतूल, पांढुर्णा (दक्षिण छिंदवाड़ा), पूर्व छिंदवाड़ा, पश्चिम छिंदवाड़ा और नर्मदापुरम वन मंडलों के 3.69 लाख तेंदूपत्ता संग्राहकों को बोनस राशि दी गई है। प्रदेश में अब तक तेंदूपत्ता संग्राहकों को 80 करोड़ रुपये से अधिक की राशि प्रदान की जा चुकी है।

ग्राम वन समितियों के सदस्यों को भी 13 करोड़ रुपये से अधिक का काष्ठ लाभांश दिया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि बैतूल जिला अपनी वन संपदा और प्राकृतिक सुंदरता के लिए विशेष पहचान रखता है।
जनजातीय बेटियों की शिक्षा के लिए 50 करोड़ का परिसर
मुख्यमंत्री ने शिक्षा के क्षेत्र में किए जा रहे प्रयासों का उल्लेख करते हुए कहा कि प्रदेश में सांदीपनि विद्यालय गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के मॉडल बन रहे हैं। बैतूल में जनजातीय बेटियों के लिए 50 करोड़ रुपये की लागत से कन्या शिक्षा परिसर और छात्रावास का भूमिपूजन किया गया है।
उन्होंने बताया कि मेधावी विद्यार्थियों को प्रोत्साहित करने के लिए बोर्ड परीक्षाओं में 70 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त करने वाले पात्र विद्यार्थियों को 25 हजार रुपये कीमत के लैपटॉप दिए जा रहे हैं। स्कूल में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को स्कूटी देने की योजना भी संचालित है। सरकार विद्यार्थियों को किताबें, साइकिल, गणवेश और छात्रवृत्ति जैसी सुविधाएं उपलब्ध करा रही है।
85 हजार युवाओं को सरकारी नौकरी, एक लाख पदों पर भर्ती जारी
मुख्यमंत्री ने कहा कि युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराने के लिए प्रदेश में उद्योगों की स्थापना के साथ कौशल विकास पर भी जोर दिया जा रहा है। सरकार अब तक 85 हजार शासकीय पदों पर नियुक्तियां कर चुकी है, जबकि एक लाख नए पदों के लिए भर्ती प्रक्रिया जारी है।
उन्होंने पुलिस विभाग में 18 हजार से अधिक पदों पर नियुक्तियों का उल्लेख करते हुए कहा कि सहायक प्राध्यापक, खनन निरीक्षक और चिकित्सकों सहित विभिन्न पदों पर भी भर्ती की गई है। प्रदेश के एक लाख से अधिक अधिकारी-कर्मचारियों को पदोन्नति का लाभ मिला है। मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि दीपावली से पहले कर्मचारियों को दो प्रतिशत अतिरिक्त महंगाई भत्ता दिया गया है।
बैतूल-मुलताई में उद्योग और पर्यटन को बढ़ावा
मुख्यमंत्री ने बैतूल के कुकरू-खामला क्षेत्र की प्राकृतिक सुंदरता का उल्लेख करते हुए कहा कि वहां 15 करोड़ रुपये की लागत से पर्यटन सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है। क्षेत्र में कॉफी के बागान भी विकसित किए जाएंगे। बैतूल और मुलताई में 24 करोड़ रुपये के नए कारखाने लगाए जाएंगे।
उन्होंने बताया कि भगवान बिरसा मुंडा की जयंती के अवसर पर 15 से 17 नवंबर तक प्रदेशभर में तीन दिवसीय आयोजन किए जाएंगे। जनजातीय नायकों के सम्मान में विशेष कार्यक्रम और कैबिनेट बैठकें भी आयोजित की गई हैं।
मुख्यमंत्री ने गोवर्धन पूजा के अवसर पर वृंदावन गांवों में बेहतर पशुधन की प्रतियोगिताएं आयोजित कर पशुपालकों को पुरस्कृत करने के निर्णय की जानकारी दी। उन्होंने किसानों और जनजातीय समुदाय से गोपालन तथा दुग्ध उत्पादन के माध्यम से आय बढ़ाने का आह्वान किया। कोदो-कुटकी सहित मोटे अनाजों को प्रोत्साहन देने और दूरस्थ मजरे-टोलों तक सड़क तथा मुख्यमंत्री सुगम परिवहन बस सेवा पहुंचाने की बात भी कही।
बैतूल के लिए मुख्यमंत्री की प्रमुख घोषणाएं
- नल-जल योजना के कार्यों के लिए 50 करोड़ रुपये दिए जाएंगे।
- बैतूल में 15 करोड़ रुपये की लागत से गीता भवन और हाट बाजार बनाया जाएगा।
- सड़क चौड़ीकरण के लिए 47 करोड़ रुपये उपलब्ध कराए जाएंगे।
- जिले में 70 करोड़ रुपये की लागत से चार जलाशयों का निर्माण होगा।
- 154 करोड़ रुपये की रामघाटी मध्यम सिंचाई परियोजना विकसित की जाएगी।
- घोड़ाडोंगरी में बैराज और जलाशय का निर्माण कराया जाएगा।
- शासकीय हाई स्कूलों में 50 करोड़ रुपये की लागत से सुविधाओं का विस्तार होगा।
- 100 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से फुटबॉल टर्फ तथा इनडोर और आउटडोर स्टेडियम बनाए जाएंगे।
- बैतूल में जनजातीय संग्रहालय स्थापित किया जाएगा।
- प्रदेश के पहले ताप्ती कंजर्वेशन रिजर्व फॉरेस्ट में सात करोड़ रुपये की लागत से सफारी गेट बनाया जाएगा।
- ताप्ती कंजर्वेशन रिजर्व फॉरेस्ट के पास तीन करोड़ रुपये की लागत से तितली उद्यान विकसित किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में संपत्तियों की निःशुल्क रजिस्ट्री सहित कई योजनाओं के माध्यम से आम लोगों को राहत दी जा रही है। सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती पर उन्हें नमन करते हुए उन्होंने कहा कि सरकार गरीब, किसान, युवा, महिला और जनजातीय समुदाय सहित सभी वर्गों के कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है।



