वेदांता पावर प्लांट हादसा : कांग्रेस जांच कमेटी ने उठाए गंभीर सवाल

दीपक बैज बोले— क्षमता से अधिक उत्पादन और सुरक्षा मानकों की अनदेखी बनी हादसे की वजह
शक्ति ( शिखर दर्शन ) // छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले में स्थित वेदांता पावर प्लांट में हुए भीषण बॉयलर ब्लास्ट के बाद जांच और राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। हादसे की जांच के लिए पहुंची कांग्रेस की प्रदेश स्तरीय जांच कमेटी ने निरीक्षण के दौरान कई गंभीर अनियमितताओं और सुरक्षा व्यवस्थाओं में लापरवाही के आरोप लगाए हैं।
जांच के दौरान पीसीसी चीफ दीपक बैज ने कहा कि यह प्लांट करीब 11 साल तक अलग अवस्था में रहा और बाद में नए प्रबंधन द्वारा इसे शुरू किया गया। ऐसे में इतने लंबे समय तक बंद पड़े ढांचे की सही तकनीकी जांच और कमीशनिंग प्रक्रिया पर गंभीर सवाल खड़े होते हैं। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि प्लांट में क्षमता से अधिक उत्पादन लिया जा रहा था, जिससे मशीनों और सिस्टम पर अतिरिक्त दबाव बना।
कमेटी ने सवाल उठाया कि क्या प्रेशर सिस्टम की सही तरीके से जांच और रीडिंग की गई थी, बॉयलर में किसी प्रकार की दरार या जंग की स्थिति तो नहीं थी, और ऑयल लीकेज जैसी तकनीकी खामियों की समय पर निगरानी की गई थी या नहीं। साथ ही थर्ड पार्टी निरीक्षण की प्रक्रिया और उसकी रिपोर्ट पर भी सवाल खड़े किए गए हैं।

दीपक बैज ने कहा कि प्रदेश में लगातार इस तरह के औद्योगिक हादसे हो रहे हैं, जिनमें बड़ी संख्या में मजदूरों की जान जा रही है। उन्होंने इसे गंभीर लापरवाही का मामला बताते हुए उच्च स्तरीय जांच की मांग की।
इस हादसे में अब तक 20 मजदूरों की मौत हो चुकी है, जबकि कई घायलों का इलाज जारी है। हादसे में विभिन्न राज्यों से आए श्रमिक भी प्रभावित हुए हैं।



