550 कैमरों की नजर, एक क्लिक में चालान: ITMS से ट्रैफिक पर डिजिटल शिकंजा

आईजी-एसएसपी ने कंट्रोल रूम का लिया जायजा, नियम तोड़ने वालों पर सख्ती के निर्देश
बिलासपुर ( शिखर दर्शन ) // शहर की सड़कों पर अब ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करना आसान नहीं रहेगा। इंटेलिजेंट ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम (ITMS) के जरिए ट्रैफिक व्यवस्था को पूरी तरह डिजिटल निगरानी में लाया गया है, जहां 550 से अधिक सीसीटीवी कैमरों की मदद से हर गतिविधि पर पैनी नजर रखी जा रही है। इस हाईटेक सिस्टम की कार्यप्रणाली का जायजा लेने पुलिस महानिरीक्षक रामगोपाल गर्ग और डीआईजी-एसएसपी रजनेश सिंह कंट्रोल एंड कमांड सेंटर पहुंचे।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने देखा कि एएनपीआर तकनीक से लैस कैमरे वाहनों की नंबर प्लेट को स्वतः कैप्चर कर सीधे सिस्टम में दर्ज करते हैं। इसके बाद वेरिफिकेशन से लेकर चालान जारी करने तक की पूरी प्रक्रिया डिजिटल रूप से पूरी होती है और चालान सीधे वाहन मालिक के मोबाइल तक पहुंच जाता है। अधिकारियों के समक्ष इस पूरी प्रक्रिया का लाइव प्रदर्शन भी किया गया।
आईटीएमएस के माध्यम से शहर के प्रमुख चौक-चौराहों पर ट्रैफिक दबाव की निगरानी भी की जा रही है। कंट्रोल रूम में लगे बड़े मॉनिटर पर रियल टाइम ट्रैफिक की स्थिति प्रदर्शित की गई, जहां सैटेलाइट और कैमरों की मदद से जाम और भीड़भाड़ को तत्काल ट्रैक किया जा रहा है।
इसके साथ ही शहर में स्थापित 23 पीए सिस्टम और 10 एलईडी मॉनिटर के जरिए आम नागरिकों तक सीधे संदेश प्रसारित किए जा रहे हैं। नियमों का उल्लंघन करने वाले चालकों को तत्काल चेतावनी दी जाती है, जिसका असर मौके पर ही देखने को मिल रहा है और कई चालक तुरंत अपने वाहन व्यवस्थित करते नजर आए।
निरीक्षण के दौरान वरिष्ठ अधिकारियों ने स्वयं कैमरों की मदद से नंबर प्लेट को जूम कर पढ़ा और चालान प्रक्रिया को शुरू कराया। साथ ही सिस्टम को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए नए फीचर्स जोड़ने पर भी चर्चा की गई।
आईटीएमएस के जरिए चोरी हुए वाहनों की ट्रैकिंग में भी सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं। अधिकारियों ने इस दिशा में टीम की सराहना करते हुए सतर्कता बनाए रखने के निर्देश दिए।
इसके अलावा आईजी और एसएसपी ने साइबर सेल, डायल 112 और पुलिस कंट्रोल रूम का भी निरीक्षण किया और अधिकारियों को आम नागरिकों की शिकायतों पर त्वरित व संवेदनशील कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
550 कैमरों की नजर, एक क्लिक में चालान: ITMS से ट्रैफिक पर डिजिटल शिकंजा
आईजी-एसएसपी ने कंट्रोल रूम का लिया जायजा, नियम तोड़ने वालों पर सख्ती के निर्देश
बिलासपुर ( शिखर दर्शन ) // शहर की सड़कों पर अब ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करना आसान नहीं रहेगा। इंटेलिजेंट ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम (ITMS) के जरिए ट्रैफिक व्यवस्था को पूरी तरह डिजिटल निगरानी में लाया गया है, जहां 550 से अधिक सीसीटीवी कैमरों की मदद से हर गतिविधि पर पैनी नजर रखी जा रही है। इस हाईटेक सिस्टम की कार्यप्रणाली का जायजा लेने पुलिस महानिरीक्षक रामगोपाल गर्ग और डीआईजी-एसएसपी रजनेश सिंह कंट्रोल एंड कमांड सेंटर पहुंचे।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने देखा कि एएनपीआर तकनीक से लैस कैमरे वाहनों की नंबर प्लेट को स्वतः कैप्चर कर सीधे सिस्टम में दर्ज करते हैं। इसके बाद वेरिफिकेशन से लेकर चालान जारी करने तक की पूरी प्रक्रिया डिजिटल रूप से पूरी होती है और चालान सीधे वाहन मालिक के मोबाइल तक पहुंच जाता है। अधिकारियों के समक्ष इस पूरी प्रक्रिया का लाइव प्रदर्शन भी किया गया।
आईटीएमएस के माध्यम से शहर के प्रमुख चौक-चौराहों पर ट्रैफिक दबाव की निगरानी भी की जा रही है। कंट्रोल रूम में लगे बड़े मॉनिटर पर रियल टाइम ट्रैफिक की स्थिति प्रदर्शित की गई, जहां सैटेलाइट और कैमरों की मदद से जाम और भीड़भाड़ को तत्काल ट्रैक किया जा रहा है।
इसके साथ ही शहर में स्थापित 23 पीए सिस्टम और 10 एलईडी मॉनिटर के जरिए आम नागरिकों तक सीधे संदेश प्रसारित किए जा रहे हैं। नियमों का उल्लंघन करने वाले चालकों को तत्काल चेतावनी दी जाती है, जिसका असर मौके पर ही देखने को मिल रहा है और कई चालक तुरंत अपने वाहन व्यवस्थित करते नजर आए।
निरीक्षण के दौरान वरिष्ठ अधिकारियों ने स्वयं कैमरों की मदद से नंबर प्लेट को जूम कर पढ़ा और चालान प्रक्रिया को शुरू कराया। साथ ही सिस्टम को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए नए फीचर्स जोड़ने पर भी चर्चा की गई।
आईटीएमएस के जरिए चोरी हुए वाहनों की ट्रैकिंग में भी सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं। अधिकारियों ने इस दिशा में टीम की सराहना करते हुए सतर्कता बनाए रखने के निर्देश दिए।
इसके अलावा आईजी और एसएसपी ने साइबर सेल, डायल 112 और पुलिस कंट्रोल रूम का भी निरीक्षण किया और अधिकारियों को आम नागरिकों की शिकायतों पर त्वरित व संवेदनशील कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
550 कैमरों की नजर, एक क्लिक में चालान: ITMS से ट्रैफिक पर डिजिटल शिकंजा
आईजी-एसएसपी ने कंट्रोल रूम का लिया जायजा, नियम तोड़ने वालों पर सख्ती के निर्देश
बिलासपुर ( शिखर दर्शन ) // शहर की सड़कों पर अब ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करना आसान नहीं रहेगा। इंटेलिजेंट ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम (ITMS) के जरिए ट्रैफिक व्यवस्था को पूरी तरह डिजिटल निगरानी में लाया गया है, जहां 550 से अधिक सीसीटीवी कैमरों की मदद से हर गतिविधि पर पैनी नजर रखी जा रही है। इस हाईटेक सिस्टम की कार्यप्रणाली का जायजा लेने पुलिस महानिरीक्षक रामगोपाल गर्ग और डीआईजी-एसएसपी रजनेश सिंह कंट्रोल एंड कमांड सेंटर पहुंचे।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने देखा कि एएनपीआर तकनीक से लैस कैमरे वाहनों की नंबर प्लेट को स्वतः कैप्चर कर सीधे सिस्टम में दर्ज करते हैं। इसके बाद वेरिफिकेशन से लेकर चालान जारी करने तक की पूरी प्रक्रिया डिजिटल रूप से पूरी होती है और चालान सीधे वाहन मालिक के मोबाइल तक पहुंच जाता है। अधिकारियों के समक्ष इस पूरी प्रक्रिया का लाइव प्रदर्शन भी किया गया।
आईटीएमएस के माध्यम से शहर के प्रमुख चौक-चौराहों पर ट्रैफिक दबाव की निगरानी भी की जा रही है। कंट्रोल रूम में लगे बड़े मॉनिटर पर रियल टाइम ट्रैफिक की स्थिति प्रदर्शित की गई, जहां सैटेलाइट और कैमरों की मदद से जाम और भीड़भाड़ को तत्काल ट्रैक किया जा रहा है।
इसके साथ ही शहर में स्थापित 23 पीए सिस्टम और 10 एलईडी मॉनिटर के जरिए आम नागरिकों तक सीधे संदेश प्रसारित किए जा रहे हैं। नियमों का उल्लंघन करने वाले चालकों को तत्काल चेतावनी दी जाती है, जिसका असर मौके पर ही देखने को मिल रहा है और कई चालक तुरंत अपने वाहन व्यवस्थित करते नजर आए।
निरीक्षण के दौरान वरिष्ठ अधिकारियों ने स्वयं कैमरों की मदद से नंबर प्लेट को जूम कर पढ़ा और चालान प्रक्रिया को शुरू कराया। साथ ही सिस्टम को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए नए फीचर्स जोड़ने पर भी चर्चा की गई।
आईटीएमएस के जरिए चोरी हुए वाहनों की ट्रैकिंग में भी सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं। अधिकारियों ने इस दिशा में टीम की सराहना करते हुए सतर्कता बनाए रखने के निर्देश दिए।
इसके अलावा आईजी और एसएसपी ने साइबर सेल, डायल 112 और पुलिस कंट्रोल रूम का भी निरीक्षण किया और अधिकारियों को आम नागरिकों की शिकायतों पर त्वरित व संवेदनशील कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
550 कैमरों की नजर, एक क्लिक में चालान: ITMS से ट्रैफिक पर डिजिटल शिकंजा
आईजी-एसएसपी ने कंट्रोल रूम का लिया जायजा, नियम तोड़ने वालों पर सख्ती के निर्देश
बिलासपुर ( शिखर दर्शन ) // शहर की सड़कों पर अब ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करना आसान नहीं रहेगा। इंटेलिजेंट ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम (ITMS) के जरिए ट्रैफिक व्यवस्था को पूरी तरह डिजिटल निगरानी में लाया गया है, जहां 550 से अधिक सीसीटीवी कैमरों की मदद से हर गतिविधि पर पैनी नजर रखी जा रही है। इस हाईटेक सिस्टम की कार्यप्रणाली का जायजा लेने पुलिस महानिरीक्षक रामगोपाल गर्ग और डीआईजी-एसएसपी रजनेश सिंह कंट्रोल एंड कमांड सेंटर पहुंचे।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने देखा कि एएनपीआर तकनीक से लैस कैमरे वाहनों की नंबर प्लेट को स्वतः कैप्चर कर सीधे सिस्टम में दर्ज करते हैं। इसके बाद वेरिफिकेशन से लेकर चालान जारी करने तक की पूरी प्रक्रिया डिजिटल रूप से पूरी होती है और चालान सीधे वाहन मालिक के मोबाइल तक पहुंच जाता है। अधिकारियों के समक्ष इस पूरी प्रक्रिया का लाइव प्रदर्शन भी किया गया।
आईटीएमएस के माध्यम से शहर के प्रमुख चौक-चौराहों पर ट्रैफिक दबाव की निगरानी भी की जा रही है। कंट्रोल रूम में लगे बड़े मॉनिटर पर रियल टाइम ट्रैफिक की स्थिति प्रदर्शित की गई, जहां सैटेलाइट और कैमरों की मदद से जाम और भीड़भाड़ को तत्काल ट्रैक किया जा रहा है।
इसके साथ ही शहर में स्थापित 23 पीए सिस्टम और 10 एलईडी मॉनिटर के जरिए आम नागरिकों तक सीधे संदेश प्रसारित किए जा रहे हैं। नियमों का उल्लंघन करने वाले चालकों को तत्काल चेतावनी दी जाती है, जिसका असर मौके पर ही देखने को मिल रहा है और कई चालक तुरंत अपने वाहन व्यवस्थित करते नजर आए।
निरीक्षण के दौरान वरिष्ठ अधिकारियों ने स्वयं कैमरों की मदद से नंबर प्लेट को जूम कर पढ़ा और चालान प्रक्रिया को शुरू कराया। साथ ही सिस्टम को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए नए फीचर्स जोड़ने पर भी चर्चा की गई।
आईटीएमएस के जरिए चोरी हुए वाहनों की ट्रैकिंग में भी सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं। अधिकारियों ने इस दिशा में टीम की सराहना करते हुए सतर्कता बनाए रखने के निर्देश दिए।
इसके अलावा आईजी और एसएसपी ने साइबर सेल, डायल 112 और पुलिस कंट्रोल रूम का भी निरीक्षण किया और अधिकारियों को आम नागरिकों की शिकायतों पर त्वरित व संवेदनशील कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।



