कान्हा में रिसॉर्ट के नाम पर 3.15 करोड़ की ठगी, कोर्ट के आदेश पर FIR

7 साल तक टालते रहे आरोपी, पुलिस की सुस्ती के बाद कोर्ट पहुंचा पीड़ित, एक ही रात में दो गिरफ्तार
बिलासपुर ( शिखर दर्शन ) // मध्यप्रदेश के कान्हा किसली क्षेत्र में रिसॉर्ट बनाने के नाम पर शहर के एक कारोबारी से 3.15 करोड़ रुपये की ठगी का मामला सामने आया है। लंबे समय तक कार्रवाई नहीं होने पर पीड़ित को कोर्ट का दरवाजा खटखटाना पड़ा, जिसके बाद पुलिस हरकत में आई और दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया।
जानकारी के मुताबिक, मिनोचा कॉलोनी निवासी विकास चंदेल का परिचय साल 2017 में दीपेंद्र पाणी और कुसमाकर भोंसले से हुआ था। दोनों ने उसे कान्हा किसली अभयारण्य में “आइसलैंड रिसॉर्ट” बनाने का सपना दिखाया और जमीन व प्रोजेक्ट के नाम पर एग्रीमेंट कर अलग-अलग किश्तों में उससे 3 करोड़ 15 लाख रुपये ले लिए।
समय बीतने के बाद भी जब न तो कोई निर्माण कार्य शुरू हुआ और न ही पैसे वापस किए गए, तब पीड़ित को ठगी का अहसास हुआ। उसने सिविल लाइन थाने में शिकायत की, लेकिन वहां इसे आपसी लेनदेन बताकर कार्रवाई से बचा गया। इसके बाद पीड़ित ने अधिवक्ता के माध्यम से कोर्ट में परिवाद दायर किया।
कोर्ट के आदेश के बाद पुलिस ने तत्काल धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया और कार्रवाई शुरू की। तेजी दिखाते हुए पुलिस ने एक ही रात में दोनों आरोपियों को पकड़ लिया। दीपेंद्र पाणी को रायपुर के राजेंद्र नगर क्षेत्र से गिरफ्तार किया गया, जबकि कुसमाकर भोंसले सरोरा गांव में किराए के मकान में छिपा हुआ मिला।
पूछताछ में दोनों आरोपियों ने ठगी की बात स्वीकार कर ली है। पुलिस ने उन्हें कोर्ट में पेश कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। मामले की आगे जांच जारी है।



