Year Ender 2025: मुकेश चंद्राकर हत्या से लेकर हिड़मा की मौत, बिलासपुर रेल हादसा और पहलगाम आतंकी हमला – 2025 की 10 सबसे बड़ी घटनाएं
रायपुर ( शिखर दर्शन ) // साल 2025 अपने कई महत्वपूर्ण और दुखद घटनाक्रमों के साथ यादों में दर्ज हो गया। इस साल प्रदेश ने राजनीतिक, सामाजिक और सुरक्षा से जुड़ी कई बड़ी घटनाओं का सामना किया। आइए जानते हैं वर्ष 2025 की प्रमुख घटनाओं की झलक।
पत्रकार मुकेश चंद्राकर की हत्या:
बीजापुर जिले के जाबांज पत्रकार मुकेश चंद्राकर की हत्या ने पूरे प्रदेश को झकझोर दिया। 1 जनवरी 2025 को लापता हुए मुकेश का शव 3 जनवरी को सेप्टिक टैंक से बरामद किया गया। आरोप है कि चार लोगों ने उन्हें डिनर के बहाने बुलाकर लोहे की रॉड से हमला किया और हत्या कर शव दफनाया। मुकेश का यूट्यूब चैनल ‘बस्तर जंक्शन’ था, जिसमें उन्होंने सड़क निर्माण में भ्रष्टाचार की पोल खोली थी।

सांस्कृतिक दुनिया ने दी विदाई:
छत्तीसगढ़ी हास्य कवि पद्मश्री डॉ. सुरेन्द दुबे का 26 जून को निधन हो गया। वहीं 23 दिसंबर को ज्ञानपीठ पुरस्कार से सम्मानित साहित्यकार विनोद कुमार शुक्ल का निधन हुआ। दोनों ही छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक और साहित्यिक धरोहर थे।
आतंकवादी हमला पहलगाम में:
22 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में आतंकियों ने रायपुर के कारोबारी दिनेश मिरानिया को गोली मार दी। दिनेश अपनी पत्नी और बच्चों के साथ शादी की सालगिरह मनाने आए थे। इस हमले में कुल 26 पर्यटकों की मौत हुई और कई घायल हुए।

नक्सल विरोधी अभियान में सफलता:
इस साल छत्तीसगढ़ पुलिस को बड़ी सफलता मिली। 17 अक्टूबर को 210 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया। वहीं 18 नवंबर को नक्सली लीडर हिड़मा मुठभेड़ में मारा गया। इस मुठभेड़ में हिड़मा के साथ उसकी पत्नी समेत कुल चार नक्सली ढेर हुए।

बिलासपुर में रेल हादसा:
नवंबर 2025 में बिलासपुर के लाल खदान स्टेशन के पास हुए भीषण रेल हादसे में 12 यात्रियों की मौत हुई और 20 गंभीर रूप से घायल हुए। लोको पायलट विद्या सागर मौके पर ही मारे गए।

छत्तीसगढ़ को नया विधानसभा भवन:
1 जनवरी 2025 को प्रदेश को नया विधानसभा भवन प्राप्त हुआ। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नवा रायपुर में इसका उद्घाटन किया। 51 एकड़ में बने इस भवन में 200 विधायकों के बैठने की व्यवस्था है और इसकी लागत लगभग 273.11 करोड़ रुपये रही।

पहली बार 14 मंत्री:
20 अगस्त 2025 को छत्तीसगढ़ में पहली बार 14 मंत्री बनाए गए। इस कैबिनेट विस्तार में दुर्ग, आरंग और अंबिकापुर के विधायकों को मंत्रिमंडल में शामिल किया गया।

शराब घोटाले में गिरफ्तारी:
छत्तीसगढ़ के 3200 करोड़ के शराब घोटाले में पूर्व आबकारी मंत्री कवासी लखमा और पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य बघेल को गिरफ्तार किया गया।
DGP-IGP सम्मेलन:
28 से 30 नवंबर 2025 को रायपुर में छत्तीसगढ़ में पहली बार DGP-IGP सम्मेलन आयोजित किया गया। इसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह और राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजित डोभाल समेत अन्य सुरक्षा अधिकारी शामिल हुए।

कांकेर में धर्मांतरण विवाद:
16 दिसंबर 2025 को कांकेर जिले के बड़े तेवड़ा गांव में धर्मांतरण को लेकर विवाद हुआ। एक धर्मांतरित व्यक्ति के शव को दफनाने को लेकर स्थानीय समुदायों के बीच झड़प हुई, जिसमें कई पुलिसकर्मी घायल हुए।

साल 2025 ने छत्तीसगढ़ को सुरक्षा, राजनीति, संस्कृति और सामाजिक परिवर्तनों की चुनौतीपूर्ण यादें दीं, जो आने वाले समय तक लोगों की स्मृति में रहेंगी।

