होर्मुज में तनाव: भारतीय तेल टैंकरों पर IRGC की फायरिंग, ‘देश गरिमा’ सुरक्षित पार

कई जहाजों ने बदला रास्ता, भारत ने ईरान के समक्ष जताई कड़ी आपत्ति
नई दिल्ली ( शिखर दर्शन ) // स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में बढ़ते तनाव के बीच भारतीय जहाजों पर फायरिंग की गंभीर घटना सामने आई है। ईरान द्वारा जलमार्ग पर सख्ती के बीच भारतीय ध्वज वाला तेल टैंकर ‘देश गरिमा’ सफलतापूर्वक इस मार्ग को पार कर गया, जबकि फायरिंग के बाद कई अन्य जहाजों को अपना रास्ता बदलना पड़ा।
मिली जानकारी के अनुसार शनिवार को ‘देश गरिमा’ ने सुरक्षित रूप से होर्मुज जलडमरूमध्य पार किया और आगे बढ़ गया। हालांकि हालात तनावपूर्ण बने हुए हैं, जिसके चलते कुछ जहाजों ने जोखिम से बचने के लिए अपना मार्ग बदल लिया।
फायरिंग की घटना के बाद जिन जहाजों ने रास्ता बदला, उनमें—
- तेल टैंकर ‘सनमार हेराल्ड’
- ‘देश वैभव’
- ‘देश विभोर’
- मालवाहक पोत ‘जग अर्नव’
बताया जा रहा है कि ओमान के उत्तर-पूर्व में करीब 20 समुद्री मील की दूरी पर ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) की दो नौकाओं से गोलीबारी की गई, जिसके बाद इन जहाजों ने सुरक्षा कारणों से दिशा बदल ली।
ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव के चलते होर्मुज जलडमरूमध्य में स्थिति संवेदनशील बनी हुई है। इसके बावजूद अब तक भारत के करीब 10 जहाज इस मार्ग से सुरक्षित निकल चुके हैं, जिनमें ‘देश गरिमा’ भी शामिल है। वर्तमान में फारस की खाड़ी क्षेत्र में भारतीय ध्वज वाले जहाजों की संख्या 14 बताई जा रही है।
इस घटनाक्रम को गंभीरता से लेते हुए भारत सरकार ने कड़ा रुख अपनाया है। भारतीय विदेश मंत्रालय ने ईरान के राजदूत को तलब कर इस घटना पर गहरी चिंता जताई। विदेश सचिव विक्रम मिसरी ने स्पष्ट किया कि व्यापारिक जहाजों और नाविकों की सुरक्षा भारत के लिए सर्वोच्च प्राथमिकता है।
सरकार ने ईरान से आग्रह किया है कि भारतीय जहाजों के लिए सुरक्षित मार्ग सुनिश्चित किया जाए और पहले की तरह सुगम आवाजाही बहाल की जाए। इस पर ईरानी पक्ष ने भारत की चिंताओं को अपने अधिकारियों तक पहुंचाने का आश्वासन दिया है।
स्थिति को देखते हुए समुद्री मार्ग पर सतर्कता बढ़ा दी गई है और आने वाले दिनों में हालात पर लगातार नजर रखी जा रही है।




