हिरासत से रिहाई के बाद CJP नेता अभिजीत दीपके का ऐलान, फिर सड़कों पर उतरेगी पार्टी; बोले- विरोध से नहीं रोक सकतीं पाबंदियां

मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ आंदोलन जारी रखने की घोषणा, SIR प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं को लेकर उठाए सवाल
कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ अपना विरोध प्रदर्शन जारी रखने का ऐलान किया है। पार्टी नेता अभिजीत दीपके ने रविवार को कहा कि आंदोलन रोकने के लिए उन्होंने ऐसा कोई बॉन्ड या अंडरटेकिंग नहीं दी है, जो उन्हें दोबारा सड़कों पर उतरने से रोके। दिल्ली में हालिया प्रदर्शन के दौरान हिरासत में लिए जाने और बाद में रिहाई के बाद आए इस बयान से आंदोलन को लेकर राजनीतिक सरगर्मी बढ़ने के संकेत हैं।
नई दिल्ली ( शिखर दर्शन ) //
‘हम फिर सड़कों पर उतरेंगे’
अभिजीत दीपके ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर आंदोलन जारी रखने की बात कही। उन्होंने लिखा, “हमने ऐसा कोई बॉन्ड साइन नहीं किया है जिसमें लिखा हो कि हम विरोध नहीं करेंगे। हम फिर से सड़कों पर उतरेंगे।”
दीपके का कहना है कि प्रशासनिक पाबंदियां पार्टी को विरोध करने से नहीं रोक सकतीं। वहीं, प्रदर्शन के दौरान हिरासत में लिए जाने की कार्रवाई को लेकर CJP ने सवाल उठाए हैं।
अभिजीत दीपके समेत तीन नेता रिहा
CJP नेता अभिजीत दीपके, सौरव दास और आशुतोष रांका को हिरासत में लिए जाने के बाद रविवार को रिहा कर दिया गया। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, तीनों को शनिवार को दिल्ली में विमान से उतरने के बाद हिरासत में लिया गया था। रविवार सुबह उन्हें एहतियातन गिरफ्तार कर कार्यकारी मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किया गया।
रिपोर्टों के मुताबिक, रिहाई के साथ शांति व्यवस्था बनाए रखने से जुड़ी शर्तें रखी गई थीं। हालांकि, रिहाई के आदेश और शर्तों की सटीक कानूनी स्थिति की पुष्टि संबंधित दस्तावेजों से ही की जा सकती है।
SIR प्रक्रिया को लेकर मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ आंदोलन
CJP का विरोध मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी एसआईआर (SIR) की प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं को लेकर है। पार्टी ने इसी मुद्दे पर मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रदर्शन का आह्वान किया था।
अभिजीत दीपके के ताजा बयान से स्पष्ट है कि पार्टी आंदोलन वापस लेने के बजाय इसे आगे जारी रखने की बात कर रही है। अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि CJP आगे प्रदर्शन की तारीख और स्थान क्या तय करती है तथा प्रशासन इस पर क्या रुख अपनाता है।



