आत्महत्या प्रभावित इलाके में पुलिस की पहल: युवाओं के लिए करियर गाइडेंस कैंप आयोजित

15 दिनों में 3 मौतों के बाद जागरूकता, प्रभारी एसपी बोले– सफलता का पैमाना संतुष्टि
गरियाबंद ( शिखर दर्शन ) // जिले के देवभोग थाना क्षेत्र में हाल ही में 15 दिनों के भीतर तीन युवाओं की आत्महत्या की घटनाओं के बाद पुलिस ने अनोखी पहल करते हुए करियर गाइडेंस कैंप का आयोजन किया। थाना परिसर में आयोजित इस कैंप में 100 से अधिक ग्रामीण युवाओं ने भाग लिया, जहां उन्हें जीवन में सकारात्मक सोच, लक्ष्य निर्धारण और मानसिक मजबूती के बारे में मार्गदर्शन दिया गया।

प्रभारी एसपी नीरज चंद्राकर ने युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि कठिन समय में मोबाइल नहीं, बल्कि परिवार सबसे बड़ा सहारा होता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि सफलता का असली पैमाना संपत्ति नहीं बल्कि संतुष्टि है और जीवन में संतुलन बनाए रखना जरूरी है।
कैंप में युवाओं को दिए गए मुख्य संदेश—
- मुश्किल समय में परिवार से संवाद करें, अकेले न रहें
- मोबाइल और नशे से दूरी बनाएं
- गलत रास्तों से बचकर लक्ष्य पर फोकस रखें
- ग्रुप स्टडी, सही डाइट और स्वास्थ्य पर ध्यान दें
प्रभारी एसपी ने अपने जीवन का उदाहरण साझा करते हुए बताया कि इंटर में कम अंक आने के बावजूद उन्होंने हार नहीं मानी, बल्कि लक्ष्य तय कर मेहनत की और अंततः यूपीएससी परीक्षा में सफलता हासिल की। इस प्रेरणादायक प्रसंग ने युवाओं को काफी प्रभावित किया।
हालिया आत्महत्या की घटनाओं पर चर्चा करते हुए उन्होंने बताया कि ज्यादातर मामलों में युवाओं के पास स्पष्ट लक्ष्य नहीं था और मोबाइल की लत एक सामान्य कारण के रूप में सामने आई। उन्होंने कहा कि यदि युवा अपनी समस्याएं परिवार के साथ साझा करते, तो शायद ये घटनाएं टाली जा सकती थीं।
इस दौरान प्रभारी एसपी ने एक और महत्वपूर्ण घोषणा करते हुए कहा कि जो भी युवा रायपुर में पीएससी की तैयारी करना चाहते हैं, उन्हें निःशुल्क कोचिंग दिलाने की जिम्मेदारी वे स्वयं लेंगे। साथ ही पुलिस भर्ती की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए थाना स्तर पर फिजिकल और लिखित परीक्षा की तैयारी कराने के निर्देश भी दिए गए।

कार्यक्रम में नगर पंचायत अध्यक्ष राजेश तिवारी, उपाध्यक्ष सुशील यादव, मनोज मिश्रा सहित अन्य जनप्रतिनिधि और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। सभी ने पुलिस की इस पहल की सराहना करते हुए इसे युवाओं के लिए सकारात्मक और प्रेरणादायक कदम बताया।


