CJP प्रदर्शन पर CM साय का बयान, बोले- माहौल अशांत न हो इसलिए सरकार ने उठाए विशेष कदम
गन्ने की कीमत बढ़ाकर 425 रुपये प्रति क्विंटल करने की जानकारी दी; कांग्रेस के 2028 में सत्ता में लौटने के दावे पर भी साधा निशाना

रायपुर ( शिखर दर्शन ) // दिल्ली में कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के प्रस्तावित प्रदर्शन और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बयान दिया है। उन्होंने कहा कि सरकार नहीं चाहती कि प्रदर्शन के दौरान माहौल अशांत हो। पिछले आंदोलनों में असामाजिक तत्वों के शामिल होने का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि ऐसी स्थिति दोबारा न बने, इसके लिए विशेष कदम उठाए गए हैं। इस दौरान मुख्यमंत्री ने गन्ने की कीमत में वृद्धि और कांग्रेस के राजनीतिक दावों पर भी अपनी प्रतिक्रिया दी।
वातावरण अशांत होने से रोकने के लिए विशेष कदम: CM साय
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने CJP के प्रदर्शन को लेकर कहा कि पिछले समय हुए आंदोलन में हजारों की संख्या में असामाजिक तत्व शामिल हो गए थे। सरकार नहीं चाहती कि दोबारा ऐसी स्थिति बने और इससे वातावरण अशांत हो। इसी आशंका को ध्यान में रखते हुए सुरक्षा व्यवस्था को लेकर विशेष कदम उठाए गए हैं।
गन्ने की कीमत 355 से बढ़ाकर 425 रुपये प्रति क्विंटल
मुख्यमंत्री ने कवर्धा में गन्ने की कीमत को लेकर हुए किसान आंदोलन पर भी बात रखी। उन्होंने बताया कि कवर्धा गन्ना उत्पादक क्षेत्र है और किसानों की समस्याओं को लेकर किसान नेताओं के साथ चर्चा हुई थी।
साय के मुताबिक, पहले गन्ने की कीमत 355 रुपये प्रति क्विंटल थी, जिसे बढ़ाकर 425 रुपये प्रति क्विंटल कर दिया गया है। इसके बाद किसानों ने अपना आंदोलन समाप्त कर दिया।
कांग्रेस के 2028 में जीतने के दावे पर CM का तंज
कांग्रेस नेता चरणदास महंत के एकजुटता संबंधी बयान और वर्ष 2028 में चुनाव जीतकर सत्ता में लौटने के दावे पर मुख्यमंत्री साय ने तंज कसा। उन्होंने इसे ‘ख्याली पुलाव’ बताते हुए कहा कि कांग्रेस नेता सपना देखते रहें।
साय ने कहा कि एक समय कांग्रेस का पूरे देश में एकछत्र राज था, लेकिन कथनी और करनी में अंतर तथा लोगों को धोखा देने और झूठ-फरेब की राजनीति के कारण पार्टी लगातार सिमट रही है। उन्होंने दावा किया कि आने वाले समय में कांग्रेस की स्थिति और कमजोर होगी।
ओपी चौधरी ने कांग्रेस से मांगा जवाब
CJP के प्रदर्शन और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने आरोप लगाया कि असामाजिक तत्वों ने विदेशी ताकतों के साथ मिलकर भारत को कमजोर करने की साजिश की है। उनके मुताबिक, इसी आशंका को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था कड़ी की गई है।
चौधरी ने कांग्रेस से इस मामले में जवाब देने की मांग की। उन्होंने सोनिया गांधी की नागरिकता और मतदाता सूची में नाम दर्ज होने को लेकर भी सवाल उठाए। ये आरोप और राजनीतिक दावे हैं, जिनकी पुष्टि के लिए संबंधित तथ्यों और आधिकारिक रिकॉर्ड का सत्यापन आवश्यक है।



