कांग्रेस नेता की हत्या की साजिश का पर्दाफाश: सुपारी के लिए रकम देने वाला मुख्य आरोपी गिरफ्तार, CCTV और तकनीकी साक्ष्यों से पुलिस ने खोली पूरी कड़ी

बिलासपुर ( शिखर दर्शन ) // कांग्रेस नेता श्याम कश्यप की कथित हत्या की साजिश के मामले में बिलासपुर पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। तारबाहर पुलिस और एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट (ACCU) की संयुक्त टीम ने मामले के मुख्य आरोपी नवीन पटेल (38) को घेराबंदी कर गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी ने श्याम कश्यप की हत्या के लिए दीपक तिवारी को रकम उपलब्ध कराई थी।
इस सनसनीखेज मामले में पुलिस की त्वरित और तकनीकी जांच के चलते पहले ही नितिन टेकाम, साहिल सोनकर और एक नाबालिग आरोपी को पकड़ा जा चुका था। अब मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी से कथित हत्या की साजिश के पीछे जुड़े अन्य लोगों और पूरे घटनाक्रम की कड़ियां सामने आने की उम्मीद बढ़ गई है।
मॉर्निंग वॉक के दौरान कांग्रेस नेता पर हुआ था हमला
पुलिस के अनुसार, घटना 4 जुलाई 2026 की सुबह की है। प्रार्थी शिशिर कश्यप अपनी बेटी को स्कूल छोड़ने गया था। इसी दौरान उसके पिता श्याम कश्यप ने फोन कर बताया कि वह सुबह करीब 6.45 बजे मॉर्निंग वॉक के लिए निकले थे।
रेलवे अस्पताल के पास पहुंचने पर तीन अज्ञात युवक, जिनके चेहरे कपड़े से ढके हुए थे, उनके पास पहुंचे। आरोप है कि हमलावरों के हाथों में डंडे और नुकीली वस्तुएं थीं। तीनों ने गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दी और श्याम कश्यप पर हमला कर दिया।
घटना की शिकायत पर तारबाहर थाने में अपराध क्रमांक 221/2026 दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू की। मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को तत्काल इसकी जानकारी दी गई।
CCTV फुटेज और तकनीकी जांच बनी पुलिस की सबसे बड़ी ताकत
मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी रजनेश सिंह के निर्देश पर पुलिस ने जांच को तेजी से आगे बढ़ाया। एएसपी क्राइम मधुलिका सिंह, एएसपी शहर पंकज पटेल, नगर पुलिस अधीक्षक गगन कुमार और डीएसपी क्राइम सुदीष सरकार के मार्गदर्शन में तारबाहर पुलिस और ACCU की संयुक्त टीम गठित की गई।

जांच टीम ने घटनास्थल के साथ आसपास के इलाकों में लगे CCTV कैमरों के फुटेज खंगाले। इसके साथ ही तकनीकी साक्ष्यों का भी बारीकी से विश्लेषण किया गया। पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल मोटरसाइकिल की पहचान की और उसके जरिए संदिग्धों तक पहुंच बनाई।
यही तकनीकी जांच पुलिस के लिए अहम कड़ी साबित हुई और कार्रवाई करते हुए पहले नितिन टेकाम, साहिल सोनकर और एक विधि से संघर्षरत बालक को पकड़ा गया।
पूछताछ में सामने आई सुपारी के लिए रकम देने की बात
मामले की जांच को आगे बढ़ाते हुए पुलिस ने तेलीपारा निवासी नवीन पटेल को घेराबंदी कर गिरफ्तार किया। पूछताछ में पुलिस के मुताबिक नवीन पटेल ने श्याम कश्यप की हत्या के लिए दीपक तिवारी को पैसे उपलब्ध कराने की बात स्वीकार की है।
पुलिस ने आरोपी के कब्जे से मोबाइल फोन भी जब्त किए हैं। इन उपकरणों को जांच में महत्वपूर्ण साक्ष्य माना जा रहा है। पुलिस अब मोबाइल और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर कथित साजिश से जुड़े संपर्कों और लेन-देन की कड़ियों को खंगाल रही है।
एक-एक कड़ी जोड़कर मुख्य आरोपी तक पहुंची पुलिस
इस पूरे मामले में बिलासपुर पुलिस की कार्रवाई की खास बात यह रही कि जांच केवल आरोपियों की तलाश तक सीमित नहीं रही। पुलिस टीम ने CCTV फुटेज, मोटरसाइकिल की पहचान, तकनीकी साक्ष्यों और पूछताछ को आपस में जोड़ते हुए जांच को आगे बढ़ाया।
पहले हमले में शामिल आरोपियों तक पहुंचने के बाद पुलिस ने कथित साजिश के पीछे आर्थिक भूमिका की भी जांच की और अंततः मुख्य आरोपी नवीन पटेल तक पहुंच बनाई। इससे मामले की जांच में पुलिस को महत्वपूर्ण सफलता मिली है।
साजिश के पीछे कौन-कौन ? जांच जारी
मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है। अब पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि कांग्रेस नेता की कथित हत्या की साजिश में और कौन-कौन लोग शामिल थे, रकम का लेन-देन कैसे हुआ और इसके पीछे वास्तविक वजह क्या थी।
फिलहाल पुलिस की जांच जारी है। मामले में अब तक हुई कार्रवाई को देखते हुए आने वाले दिनों में कथित साजिश से जुड़े कुछ और महत्वपूर्ण तथ्य सामने आने की संभावना है।
“CCTV से शुरू हुई जांच से लेकर मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी तक तारबाहर पुलिस और ACCU की संयुक्त टीम ने जिस तरह तकनीकी साक्ष्यों को जोड़ते हुए कार्रवाई की, उसे इस गंभीर मामले में पुलिस की बड़ी सफलता माना जा रहा है।”



