छत्तीसगढ़ समेत कई राज्यों में तेज बारिश का अलर्ट , बंगाल की खाड़ी में बन रहा निम्न दबाव

नई दिल्ली ( शिखर दर्शन ) // बंगाल की खाड़ी में विकसित हो रहे संभावित निम्न दबाव क्षेत्र के कारण देशभर में मानसून एक बार फिर सक्रिय होने जा रहा है। भारतीय मौसम विभाग के अनुसार अगले 48 से 60 घंटे मौसम की दृष्टि से महत्वपूर्ण रहेंगे। इस दौरान छत्तीसगढ़, ओडिशा, मध्यप्रदेश सहित पूर्वी और मध्य भारत के कई राज्यों में भारी से अति भारी वर्षा, तेज आंधी, वज्रपात तथा कुछ क्षेत्रों में बाढ़ जैसी स्थिति बनने की आशंका जताई गई है।
छत्तीसगढ़ में बढ़ेगी वर्षा की गतिविधि
मौसम विभाग के अनुसार छत्तीसगढ़ में अगले दो से तीन दिनों के दौरान मानसून फिर जोर पकड़ सकता है। प्रदेश के कई जिलों में गरज-चमक के साथ भारी वर्षा होने की संभावना है। लगातार बारिश के कारण निचले क्षेत्रों में जलभराव और नदी-नालों के उफान पर आने की आशंका है। प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और आवश्यक होने पर ही यात्रा करने की सलाह दी है।
ओडिशा में भारी बारिश और बाढ़ की आशंका
ओडिशा उन राज्यों में शामिल है, जहां इस मौसम प्रणाली का सबसे अधिक प्रभाव पड़ने की संभावना है। कई जिलों में भारी से अति भारी वर्षा का पूर्वानुमान जारी किया गया है। लगातार बारिश से नदियों का जलस्तर बढ़ सकता है और निचले इलाकों में बाढ़ जैसी स्थिति उत्पन्न होने की आशंका है। प्रशासन ने संवेदनशील क्षेत्रों पर निगरानी बढ़ा दी है।
मध्यप्रदेश सहित कई राज्यों पर रहेगा असर
मौसम विभाग का कहना है कि इस निम्न दबाव प्रणाली के प्रभाव से मध्यप्रदेश सहित पूर्वी और मध्य भारत के अनेक हिस्सों में भी तेज बारिश का दौर शुरू हो सकता है। कई स्थानों पर गरज-चमक, तेज हवाएं और वज्रपात की संभावना जताई गई है। लोगों को खुले स्थानों, पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर रहने की सलाह दी गई है।
प्रशासन और नागरिकों के लिए सतर्कता जरूरी
मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि लगातार वर्षा के कारण जलभराव, नदी-नालों में उफान और यातायात प्रभावित होने की स्थिति बन सकती है। ऐसे में स्थानीय प्रशासन को राहत एवं बचाव की तैयारियां रखने तथा नागरिकों को मौसम संबंधी आधिकारिक सूचनाओं का पालन करने की सलाह दी गई है।



