बंदर ने मां की गोद से मासूम को छीनकर कुएं में फेंका, डायपर की वजह से बची जान, गांव में मचा हड़कंप !
15 दिन की मासूम पर बंदर का हमला, कुएं में गिरने के बावजूद डायपर ने बचाई जान
जांजगीर-चांपा ( शिखर दर्शन ) // जिले के सिवनी गांव में गुरुवार को एक सनसनीखेज और हृदयविदारक घटना सामने आई, जिसने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया। जानकारी के अनुसार, घर के आंगन में अपनी मां की गोद में बैठी मात्र 15 दिन की मासूम बच्ची पर अचानक एक बंदर ने हमला कर दिया और उसे उठाकर पास ही स्थित खुले कुएं में फेंक दिया।
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि घटना इतनी अचानक हुई कि मां कुछ समझ पाती, उससे पहले ही बंदर बच्ची को लेकर भाग चुका था। बच्ची के कुएं में गिरते ही उसकी मां की चीख-पुकार सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके पर दौड़े, जिससे पूरे गांव में अफरा-तफरी मच गई।
डायपर ने बचाई मासूम की जान
ग्रामीणों ने तुरंत कुएं में झांककर बच्ची की तलाश शुरू की। लगभग 10–15 मिनट की मशक्कत के बाद बच्ची कुएं में पानी में डूबी हुई दिखाई दी। बताया जा रहा है कि बच्ची ने डायपर पहना हुआ था, जिसने उसे पानी में डूबने से बचा लिया, वरना यह घटना बहुत गंभीर हो सकती थी।

बच्ची को कुएं से बाहर निकालते ही प्राथमिक उपचार के लिए तुरंत अस्पताल ले जाया गया। डॉक्टरों ने कहा कि समय रहते रेस्क्यू होने के कारण बच्ची की जान बच गई है। फिलहाल उसकी हालत स्थिर बताई जा रही है और किसी गंभीर चोट की कोई पुष्टि नहीं हुई है।
ग्रामीणों में दहशत, प्रशासन से सुरक्षा की मांग
घटना के बाद पूरे गांव में भय का माहौल है। ग्रामीणों का कहना है कि क्षेत्र में बंदरों की संख्या लगातार बढ़ रही है और पहले भी इस तरह की घटनाएं हो चुकी हैं। उन्होंने प्रशासन से आग्रह किया है कि बंदरों के आतंक को रोकने और खुले कुओं को सुरक्षित करने के लिए तत्काल ठोस कदम उठाए जाएं।



