वफादारी की मिसाल: मालिक की जान बचाने के लिए खूंखार बाघ से भिड़ा कुत्ता, मौत को गले लगाया

उमरिया (शिखर दर्शन) // कुत्ते की वफादारी की मिसालें अक्सर सुनने और फिल्मों में देखने को मिलती हैं, लेकिन मध्य प्रदेश के उमरिया जिले में एक ऐसा वास्तविक मामला सामने आया है, जिसने सभी को भावुक कर दिया। बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व से सटे भरहुत गांव में एक पालतू जर्मन शेफर्ड ने अपने मालिक की जान बचाने के लिए खूंखार बाघ से मुकाबला किया। इस संघर्ष में कुत्ते ने बाघ को पीछे हटने पर मजबूर कर दिया, लेकिन खुद जिंदगी की जंग हार गया।
बाघ के हमले से मालिक को बचाया
भरहुत गांव का रहने वाला शिवम बड़गैया अपने पालतू कुत्ते के साथ गांव के बाहर घूम रहा था। तभी अचानक एक बाघ वहां पहुंच गया और शिवम पर हमला करने की कोशिश करने लगा। इस पर जर्मन शेफर्ड कुत्ता अपनी पूरी ताकत से भौंकने लगा और बाघ को रोकने की कोशिश की। कुछ देर के लिए बाघ रुका, लेकिन फिर उसने सीधे कुत्ते पर हमला कर दिया।
जंग लड़ते हुए शहीद हुआ वफादार डॉग

शिवम ने बताया कि उनका कुत्ता बूढ़ा हो चुका था, लेकिन फिर भी उसने बाघ से लड़ाई लड़ी। बाघ ने उसे पकड़कर कुछ दूर खींच लिया और जान से मारने की कोशिश की, लेकिन घायल होने के बावजूद कुत्ता फिर खड़ा हुआ और बाघ के सामने गुर्राने लगा। आखिरकार, जब बाघ उसे मारने में नाकाम रहा तो वहां से भाग गया।
गंभीर रूप से घायल डॉग को शिवम जिला मुख्यालय स्थित पशु चिकित्सालय लेकर पहुंचे, लेकिन कुछ घंटे बाद उसकी मौत हो गई। इस घटना से पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई और लोग इस वफादार कुत्ते की बहादुरी को सलाम कर रहे हैं।
