“रोहित शर्मा का टूटता भरोसा: वो ‘विलेन’ जिसने टीम इंडिया को किया निराश, T20I से बाहर”

टी20 विश्व कप 2024: रोहित शर्मा की अगुवाई में भारत ने दूसरी बार रचा इतिहास, जडेजा ने तोड़ा भरोसा
कप्तान रोहित शर्मा की अगुवाई में भारतीय क्रिकेट टीम ने एक रोमांचक और उतार-चढ़ाव से भरे सफर के बाद टी20 विश्व कप 2024 का खिताब जीत लिया। शनिवार को खेले गए फाइनल मुकाबले में भारत ने दक्षिण अफ्रीका को सात रन से हराकर 17 साल बाद दूसरी बार टी20 विश्व कप जीतने का गौरव प्राप्त किया। भारतीय टीम पूरे टूर्नामेंट में अजेय रही और ऐसा करने वाली पहली टीम बन गई। भारत के इस ऐतिहासिक सफर में कई खिलाड़ियों ने अहम योगदान दिया और हर मैच में कोई न कोई खिलाड़ी मैच विनर साबित हुआ।
हालांकि, इस चमकते सफर में एक ऐसा खिलाड़ी भी था, जिसे टीम का मजबूत हथियार माना जाता था, लेकिन उसने पूरे टूर्नामेंट के दौरान कप्तान रोहित शर्मा का भरोसा तोड़ा और टीम के लिए विलन साबित हुआ। वह खिलाड़ी और कोई नहीं, बल्कि स्टार ऑलराउंडर रविंद्र जडेजा हैं।
टी20 विश्व कप 2024 में रविंद्र जडेजा का प्रदर्शन निराशाजनक रहा। कप्तान रोहित शर्मा ने उन्हें हर मैच में मौका दिया, बावजूद इसके कि उनका प्रदर्शन लगातार खराब रहा। जडेजा ने पूरे टूर्नामेंट में खेले गए आठ मैचों में सिर्फ 35 रन बनाए और केवल एक ही विकेट ले सके। इस निराशाजनक प्रदर्शन के बाद जडेजा ने टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट से संन्यास लेने का फैसला किया है।
भारत के वर्ल्ड चैंपियन बनने की इस अद्भुत यात्रा में हर खिलाड़ी ने अपनी भूमिका निभाई, लेकिन रविंद्र जडेजा का लगातार खराब प्रदर्शन टीम के लिए एक बड़ी चिंता का विषय बना रहा। उनके इस प्रदर्शन ने उन्हें टीम का ‘विलन’ बना दिया और अब उन्होंने टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट से हमेशा के लिए अलविदा कह दिया है।
टी-20 वर्ल्ड कप में रवींद्र जडेजा का प्रदर्शन
रवींद्र जडेजा का टी-20 वर्ल्ड कप 2024 में प्रदर्शन उम्मीदों पर खरा नहीं उतरा। उन्होंने अलग-अलग मैचों में निम्नलिखित प्रदर्शन किया:
- इंग्लैंड के खिलाफ (27 जून): जडेजा ने 17 रन बनाए।
- ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ (24 जून, ग्रॉस आइलेट): नाबाद रहते हुए 9* रन बनाए।
- बांग्लादेश के खिलाफ: बैटिंग का मौका नहीं मिला और बॉलिंग में बिना विकेट लिए 24 रन दिए।
- अफगानिस्तान के खिलाफ: 7 रन बनाए और बॉलिंग में 20 रन देकर 1 विकेट लिया।
- यूएसए के खिलाफ: न तो बैटिंग का मौका मिला और न ही बॉलिंग की।
- पाकिस्तान के खिलाफ: 0 पर आउट हो गए और बॉलिंग में 10 रन दिए।
- आयरलैंड के खिलाफ: बैटिंग का मौका नहीं मिला और बॉलिंग में बिना विकेट लिए 7 रन दिए।
रवींद्र जडेजा का टी20I से संन्यास
रवींद्र जडेजा ने आज टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास की घोषणा की है, जिससे वह विराट कोहली और रोहित शर्मा के बाद इस फॉर्मेट से संन्यास लेने वाले तीसरे भारतीय क्रिकेटर बन गए हैं। उन्होंने अपने इंस्टाग्राम पोस्ट के जरिए इस निर्णय की जानकारी दी। जडेजा ने लिखा:


“पूरे दिल से आभार जताते हुए मैं टी20 अंतरराष्ट्रीय मैचों को अलविदा कहता हूं। गर्व से दौड़ते हुए मैंने हमेशा अपने देश के लिए अपना सर्वश्रेष्ठ दिया है और अन्य प्रारूपों में भी ऐसा करना जारी रखूंगा। टी20 विश्व कप जीतना मेरे लिए एक सपना सच होने जैसा था और यह मेरे टी20 अंतरराष्ट्रीय करियर का शिखर था। मैं इन अद्भुत यादों, उत्साह और अटूट समर्थन के लिए सभी का धन्यवाद करता हूं। जय हिंद।”
जडेजा के इस निर्णय के बाद भारतीय टीम को एक महत्वपूर्ण ऑलराउंडर की कमी खलेगी, लेकिन उन्होंने अपने करियर में जो योगदान दिया है, उसके लिए उन्हें हमेशा याद किया जाएगा।
रवींद्र जडेजा का टी20I करियर
रवींद्र जडेजा ने 2009 में भारतीय टीम के लिए अपना टी20I डेब्यू किया था और उन्होंने इस प्रारूप में कुल 74 मैच खेले। उनका स्ट्राइक रेट 127.16 रहा और उन्होंने 515 रन बनाए, जबकि 54 विकेट भी उनके नाम हैं।
उन्होंने टी20 विश्व कप में 2009 से 2024 तक भारतीय टीम का दमदार प्रतिनिधित्व किया। इस अवधि में उन्होंने कुल 30 मैच खेले, जिनमें उन्होंने 130 रन बनाए और 22 विकेट लिए।
उन्होंने एशिया कप में भी छह मैच खेले, जिनमें उन्होंने दो पारियों में 35 रन बनाए और चार विकेट लिए।