Delhi Election 2025: दिल्ली में मतदान शुरू, 699 प्रत्याशियों की किस्मत EVM में हो रही है कैद

दिल्ली विधानसभा चुनाव 2025 के लिए मतदान प्रक्रिया शुरू हो गई है। वोटिंग सुबह 7 बजे से शाम 6 बजे तक चलेगी, जिसमें कुल 699 प्रत्याशियों की किस्मत इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) में शाम तक कैद होगी ।
दिल्ली (शिखर दर्शन) // राजधानी दिल्ली में विधानसभा चुनाव के लिए मतदान प्रक्रिया शुरू हो गई है। 70 विधानसभा सीटों पर सुबह 7 बजे से शाम 6 बजे तक वोटिंग जारी रहेगी। इस बार कुल 699 प्रत्याशी चुनावी मैदान में हैं, जिनमें 96 महिला उम्मीदवार भी शामिल हैं। मतदान केंद्रों पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं, और हर संवेदनशील स्थान पर पुलिस बल तैनात किया गया है।
699 उम्मीदवार मैदान में, नई दिल्ली में सबसे ज्यादा मुकाबला
दिल्ली चुनाव में 699 प्रत्याशियों की किस्मत EVM में कैद होगी। सबसे अधिक प्रत्याशी नई दिल्ली विधानसभा सीट पर हैं, जहां आम आदमी पार्टी (AAP) के संयोजक और पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल चुनाव लड़ रहे हैं। इस सीट पर भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने पूर्व मुख्यमंत्री साहिब सिंह वर्मा के बेटे प्रवेश वर्मा और कांग्रेस ने पूर्व मुख्यमंत्री शीला दीक्षित के बेटे संदीप दीक्षित को टिकट दिया है। कुल 23 उम्मीदवार इस सीट से चुनाव लड़ रहे हैं। वहीं, पटेल नगर और कस्तूरबा नगर सीटों पर सबसे कम, केवल 5-5 प्रत्याशी मैदान में हैं।
सुरक्षा के सख्त इंतजाम, ड्रोन से निगरानी
चुनाव के दौरान किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए सुरक्षा के सख्त इंतजाम किए गए हैं। दिल्ली में 3,000 मतदान केंद्रों को संवेदनशील श्रेणी में रखा गया है, जहां ड्रोन के जरिए निगरानी की जा रही है। सुरक्षा के लिए अर्धसैनिक बलों की 220 कंपनियां, 19,000 होमगार्ड और 35,000 से अधिक दिल्ली पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं।
तीनों प्रमुख दलों की प्रतिष्ठा दांव पर
दिल्ली चुनाव में इस बार आम आदमी पार्टी, भारतीय जनता पार्टी और कांग्रेस के बीच मुख्य मुकाबला है। AAP और कांग्रेस सभी 70 सीटों पर चुनाव लड़ रही हैं, जबकि BJP ने 68 सीटों पर उम्मीदवार उतारे हैं। भाजपा ने एक सीट जेडीयू और एक सीट चिराग पासवान की पार्टी को दी है। बसपा, एआईएमआईएम, एनसीपी सहित कई अन्य पार्टियां भी चुनावी मैदान में हैं।
1.56 करोड़ मतदाता करेंगे फैसला
दिल्ली के मुख्य निर्वाचन अधिकारी के अनुसार, इस बार 1.56 करोड़ मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग कर रहे हैं। इनमें 83.76 लाख पुरुष, 72.36 लाख महिला और 1,267 थर्ड जेंडर मतदाता शामिल हैं। दिव्यांग मतदाताओं के लिए 733 विशेष मतदान केंद्र बनाए गए हैं।
किसकी बनेगी सरकार? 8 फरवरी को आएगा नतीजा
पिछले विधानसभा चुनाव में आम आदमी पार्टी ने जबरदस्त जीत दर्ज करते हुए 70 में से 62 सीटें जीती थीं, जबकि भाजपा को केवल 8 सीटें मिली थीं। कांग्रेस अपना खाता भी नहीं खोल पाई थी। 2015 में भी AAP ने 67 सीटों पर जीत हासिल की थी। इस बार भाजपा पूरे दमखम के साथ मैदान में है और दावा कर रही है कि वह सरकार बनाएगी। वहीं, आम आदमी पार्टी लगातार तीसरी बार सत्ता में वापसी के लिए पूरा जोर लगा रही है। कांग्रेस भी इस बार बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद कर रही है।
दिल्ली की जनता किसे सत्ता सौंपेगी, इसका फैसला 8 फरवरी को आएगा, जब चुनाव परिणाम घोषित किए जाएंगे।
