कीचड़ भरी सड़क ने रोक दी जिंदगी: एंबुलेंस नहीं पहुंची तो ट्रैक्टर से अस्पताल ले गए, बुजुर्ग की मौत

नरसिंहपुर ( शिखर दर्शन ) // मध्य प्रदेश में लगातार हो रही बारिश ने ग्रामीण इलाकों में बदहाल सड़कों की तस्वीर सामने ला दी है। नरसिंहपुर जिले में सड़क की खराब हालत के चलते एक 90 वर्षीय बुजुर्ग को समय पर अस्पताल नहीं पहुंचाया जा सका। एंबुलेंस की सुविधा नहीं मिलने पर परिजन उन्हें ट्रैक्टर-ट्रॉली से अस्पताल ले गए, लेकिन इलाज मिलने से पहले ही उनकी मौत हो गई। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
ट्रैक्टर-ट्रॉली में अस्पताल ले गए बुजुर्ग
मामला तेंदूखेड़ा थाना क्षेत्र की टेकापार ग्राम पंचायत के खैरी टोला का है। गांव निवासी 90 वर्षीय प्रहलाद गंगोलिया की तबीयत बिगड़ने के बाद परिजन उन्हें अस्पताल ले जाने के लिए निकले। गांव तक पहुंचने वाली सड़क खराब होने के कारण एंबुलेंस नहीं पहुंच सकी।
इसके बाद परिजनों को मजबूरी में बुजुर्ग को ट्रैक्टर-ट्रॉली में लेकर अस्पताल की ओर रवाना होना पड़ा। परिजनों के मुताबिक खराब रास्ते के कारण अस्पताल पहुंचने में देरी हुई और समय पर उपचार नहीं मिल पाने से बुजुर्ग की मौत हो गई।
तीन किलोमीटर की सड़क बनी मुसीबत
परिजनों का आरोप है कि खैरी टोला से करीब तीन किलोमीटर की सड़क बेहद खराब है। बारिश के बाद पूरी सड़क कीचड़ में तब्दील हो गई है। इस रास्ते से पैदल चलना भी मुश्किल हो जाता है और वाहन भी आसानी से नहीं निकल पाते।
इसी वजह से बीमार और बुजुर्ग लोगों को अस्पताल तक पहुंचाने में बड़ी परेशानी होती है। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क की बदहाली लंबे समय से बनी हुई है, लेकिन अब तक इसका स्थायी समाधान नहीं किया गया।
व्यवस्था पर उठे सवाल
घटना के बाद ग्रामीण इलाकों की सड़क और स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं। परिजनों ने बुजुर्ग की मौत के लिए सीधे तौर पर बदहाल सड़क और समय पर परिवहन सुविधा नहीं मिलने को जिम्मेदार बताया है।
वायरल वीडियो में भी बुजुर्ग को ट्रैक्टर-ट्रॉली के जरिए अस्पताल ले जाते हुए देखा जा रहा है। घटना ने ग्रामीण क्षेत्रों में सड़क और आपातकालीन स्वास्थ्य सुविधाओं की जमीनी स्थिति पर एक बार फिर सवाल खड़े कर दिए हैं।



