प्रेस वार्ता में उठा फर्जी जमीन सौदे का मुद्दा: भाजपा का आरोप—शासकीय जमीन के खेल में ‘नेताजी’ शामिल

आरंग के ग्राम गोढ़ी का मामला, कार्रवाई नहीं होने पर कांग्रेस पर साधा निशाना
रायपुर (शिखर दर्शन) // रायपुर जिले के आरंग क्षेत्र में शासकीय जमीन की कथित अवैध खरीदी-बिक्री का मामला अब राजनीतिक रंग लेता जा रहा है। भारतीय जनता पार्टी ने प्रेस वार्ता कर आरोप लगाया कि इस पूरे प्रकरण में कांग्रेस से जुड़े पदाधिकारी शामिल हैं, लेकिन अब तक उनके खिलाफ ठोस कार्रवाई नहीं की गई है।
सरपंच-सचिव की मिलीभगत का आरोप
भाजपा प्रदेश महामंत्री डॉ. मार्कण्डेय ने एकात्म परिसर स्थित पार्टी कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में कहा कि आरंग विधानसभा के ग्राम गोढ़ी में सरपंच, सचिव और उपसरपंच की मिलीभगत से शासकीय जमीन का अवैध क्रय-विक्रय किया गया है।
उन्होंने बताया कि ग्रामीणों की शिकायत के बाद मंदिरहसौद थाना क्षेत्र में एफआईआर दर्ज की गई है और प्रशासन स्तर पर जांच जारी है।
कांग्रेस पदाधिकारियों पर गंभीर आरोप
भाजपा ने आरोप लगाया कि—
- पूर्व सरपंच गोपाल धीवर, जो वर्तमान में कांग्रेस सेक्टर प्रभारी हैं, इस मामले में संलिप्त हैं
- उनकी पत्नी वर्तमान में जनपद सदस्य हैं
- गैर-निवासी के नाम पर शासकीय भूमि दर्ज कराई गई
- प्रगति मिश्रा के नाम करीब 4 एकड़ जमीन अवैधानिक रूप से आवंटित की गई
इसके अलावा, मंदिरहसौद नगर पालिका के वार्ड-12 से कांग्रेस पार्षद अनुज मिश्रा पर भी गलत तरीके से 20 वर्षों से कब्जा दर्शाकर जमीन आवंटन का आरोप लगाया गया है।
भाजपा ने ब्लॉक कांग्रेस कमेटी आरंग के महामंत्री प्रवीण सिंह पर भी शासकीय भूमि पर अवैध कब्जे का आरोप लगाया है।
‘कांग्रेस दे रही संरक्षण’—भाजपा
डॉ. मार्कण्डेय ने कहा कि इस पूरे मामले में शामिल लोग फरार हैं, लेकिन कांग्रेस ने अब तक अपने किसी भी पदाधिकारी पर कार्रवाई नहीं की है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस अपराधियों को संरक्षण दे रही है।
अन्य मामलों का भी किया जिक्र
प्रेस वार्ता के दौरान भाजपा नेता ने अन्य घटनाओं का हवाला देते हुए कांग्रेस पर निशाना साधा और कहा कि पार्टी अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई करने में विफल रही है।
इस अवसर पर रायपुर ग्रामीण जिला प्रभारी सुरेंद्र पाटनी और भाजपा प्रदेश प्रवक्ता डॉ. किरण बघेल भी मौजूद रहीं।
जांच जारी, सियासत तेज
फिलहाल इस मामले में पुलिस जांच जारी है, लेकिन आरोप-प्रत्यारोप के बीच यह मुद्दा राजनीतिक रूप से गरमाता जा रहा है।



