Gold-Silver Prices Crash: एक दिन में धराशायी हुए सोना-चांदी के भाव, चांदी ₹1 लाख और सोना ₹33 हजार तक टूटा

शुक्रवार को बुलियन मार्केट के लिए दिन बेहद खराब साबित हुआ। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) और स्पॉट मार्केट—दोनों में सोने और चांदी की कीमतों में अचानक तेज गिरावट दर्ज की गई। सराफा बाजार में सन्नाटा पसरा रहा। जिस रफ्तार से हाल के दिनों में चांदी के दाम चढ़े थे, उससे कहीं ज्यादा तेजी से अब गिरावट आई है।
एक दिन में बड़ी गिरावट
एक ही कारोबारी सत्र में चांदी करीब ₹1 लाख प्रति किलो तक सस्ती हो गई, जबकि सोना ₹33,000 प्रति 10 ग्राम तक टूट गया। फ्यूचर्स ट्रेडिंग के साथ-साथ घरेलू फिजिकल मार्केट में भी दाम तेजी से नीचे आए।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी दबाव
वैश्विक बाजारों में भी कीमती धातुओं पर जोरदार बिकवाली दिखी। अप्रैल डिलीवरी वाला सोना 5,480 डॉलर प्रति औंस के उच्च स्तर से 11% से ज्यादा फिसल गया। अमेरिका में शाम करीब 6 बजे सोना 4,763 डॉलर प्रति औंस पर ट्रेड करता दिखा।
वहीं मार्च डिलीवरी की चांदी, जो पहले 118.34 डॉलर प्रति औंस तक पहुंची थी, 31% गिरकर 78.83 डॉलर रह गई। ट्रेडिंग के दौरान चांदी 74.15 डॉलर प्रति औंस तक भी फिसल गई।
गिरावट के मुख्य कारण
- प्रॉफिट बुकिंग: रिकॉर्ड ऊंचाई के बाद निवेशकों ने मुनाफा वसूली शुरू की।
- फिजिकल डिमांड में कमी: ऊंचे भावों के चलते खरीदारी घटी, औद्योगिक मांग को लेकर भी चिंता बढ़ी।
- वैश्विक संकेत: अंतरराष्ट्रीय बाजारों की कमजोरी का असर सीधे घरेलू बाजार पर पड़ा।
MCX और बुलियन मार्केट के भाव अलग क्यों?
- MCX: यहां सोना-चांदी का फ्यूचर्स ट्रेड होता है; कीमतें हर पल बदलती रहती हैं।
- बुलियन मार्केट: यह फिजिकल बाजार है, जहां ट्रांसपोर्ट, स्टोरेज और टैक्स जैसे खर्च भाव में जुड़ते हैं—इसीलिए दोनों में अंतर दिखता है।
सोना खरीदते समय जरूरी सावधानियां
- BIS हॉलमार्क वाला सर्टिफाइड सोना ही खरीदें।
- वजन और उस दिन की कीमत अलग-अलग स्रोतों से जरूर जांचें।
- 24 कैरेट, 22 कैरेट और 18 कैरेट—कैरेट के हिसाब से कीमत बदलती है।
असली चांदी पहचानने के आसान तरीके
- मैग्नेट टेस्ट: असली चांदी मैग्नेट से नहीं चिपकती।
- बर्फ टेस्ट: असली चांदी पर बर्फ तेजी से पिघलती है।
- गंध टेस्ट: असली चांदी में कोई गंध नहीं होती; नकली में तांबे जैसी गंध आ सकती है।
- कपड़ा टेस्ट: सफेद कपड़े से रगड़ने पर काला निशान आए तो चांदी असली होने का संकेत है।
कुल मिलाकर, रिकॉर्ड तेजी के बाद आई यह तेज गिरावट निवेशकों के लिए चेतावनी भी है और मौके की तलाश करने वालों के लिए संकेत भी—आगे की दिशा वैश्विक संकेतों और मांग पर निर्भर करेगी।



