बिहार में NDA की भारी जीत के बाद PM मोदी का बड़ा दावा: बोले– कांग्रेस का दूसरा विभाजन तय, बंगाल पर दिए बयान से ममता की बढ़ी टेंशन

बंगाल में ‘जंगलराज’ खत्म करने का किया ऐलान
नई दिल्ली ( शिखर दर्शन ) // बिहार विधानसभा चुनाव में NDA की बंपर जीत के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को नई दिल्ली स्थित बीजेपी मुख्यालय में पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने कांग्रेस पर जोरदार हमला बोलते हुए कहा कि आज कांग्रेस ‘मुस्लिम लीगी माओवादी कांग्रेस (MMC)’ बन चुकी है और अपनी नकारात्मक राजनीति के कारण खुद भी डूब रही है और सहयोगी दलों को भी डुबो देगी।
अपने संबोधन के दौरान पीएम मोदी ने कहा, “कांग्रेस कभी EVM पर सवाल उठाती है, कभी चुनाव आयोग को निशाना बनाती है, कभी वोट चोरी के मनगढ़ंत आरोप लगाती है। जाति और धर्म के नाम पर देश को बांटने की कोशिश करती है। देश के लिए उनके पास कोई सकारात्मक विजन नहीं है।”
उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस का पूरा एजेंडा अब MMC मानसिकता पर आधारित है और पार्टी के अंदर ही एक नई धारा पैदा हो रही है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि बिहार चुनाव में कांग्रेस सिर्फ “तालाब में डूबने की प्रैक्टिस” कर रही थी, लेकिन इस बार वह सचमुच डूब चुकी है और अपने सहयोगियों को भी साथ लेकर डूब जाएगी।
बिहार की जीत ने बंगाल का रास्ता साफ कर दिया: पीएम मोदी
पीएम मोदी ने अपने संबोधन में पश्चिम बंगाल का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि बिहार की विजय बंगाल के लिए नई ऊर्जा लेकर आई है।
“बिहार विजय ने बंगाल का रास्ता बना दिया है। गंगा बिहार से बहते हुए बंगाल पहुंचती है… बिहार ने बंगाल में भाजपा की विजय का मार्ग प्रशस्त किया है,” पीएम मोदी ने कहा।
उन्होंने दावा किया कि जिस तरह बिहार की जनता ने डर, आतंक, भ्रष्टाचार और जंगलराज को नकारा है, उसी तरह पश्चिम बंगाल की जनता भी परिवर्तन के लिए तैयार है।
“हम वहां भी जंगलराज को उखाड़ फेंकेंगे,” उन्होंने जोर देकर कहा।
ममता बनर्जी के लिए बढ़ी टेंशन
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि बिहार में जिस तरह फर्जी वोटरों का बड़ा निष्कासन हुआ है, उसी तरह पश्चिम बंगाल में भी कार्रवाई की तैयारी है।
उन्होंने कहा, “बंगाल में भी SIR हो रहा है और माना जा रहा है कि भारी संख्या में फर्जी वोटर बाहर होंगे, जैसे बिहार में हुए। यह ममता सरकार के लिए स्पष्ट संदेश है कि अब जनता बदलाव चाहती है।”
उन्होंने कहा कि भाजपा कार्यकर्ताओं की मेहनत और जनता के भरोसे के दम पर पश्चिम बंगाल में राजनीतिक बदलाव निश्चित है।



