डूबते सूर्य को अर्घ्य और माँ गंगा की महाआरती से गूंजा मरी माई मंदिर प्रांगण, छठ मैया के गीतों ने बांधा भक्ति का अद्भुत समा

न्यू लोको कॉलोनी के श्री त्रिपुर सुंदरी मरी माई मंदिर तालाब में श्रद्धा और भक्ति का महासंगम — अतिथियों की मौजूदगी में हुआ गंगा पूजन, पांच पंडितों द्वारा बनारस शैली में आरती से गूंज उठा वातावरण

बिलासपुर (शिखर दर्शन) //
लोक आस्था के महापर्व छठ पूजा के अवसर पर सोमवार शाम न्यू लोको कॉलोनी स्थित श्री त्रिपुर सुंदरी मरी माई मंदिर प्रांगण में श्रद्धा और भक्ति का अद्भुत नजारा देखने को मिला। मंदिर परिसर के तालाब में छठ पूजा समिति द्वारा भव्य आयोजन किया गया, जहां क्षेत्रीय श्रद्धालु, नगरवासी और प्रबुद्ध जन बड़ी संख्या में एकत्रित हुए। चारों ओर गूंजते “छठ मैया के गीत” और “जय छठी मइया” के जयघोष ने वातावरण को पूरी तरह आध्यात्मिक बना दिया।

इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में पूर्व विधानसभा अध्यक्ष एवं बिल्हा विधायक श्री धरमलाल कौशिक, माँ मरी माई मंदिर समिति के अध्यक्ष डॉ. क्षेत्रपाल, नगर पालिक निगम बिलासपुर की महापौर श्रीमती पूजा विधानी, भाजपा जिला अध्यक्ष (शहर) श्री दीपक सिंह और फाउंडेशन क्रिकेट एकेडमी के डायरेक्टर श्री प्रिंस भाटिया उपस्थित रहे। अतिथियों ने पूरे विधि-विधान से गंगा पूजन किया और माँ गंगा की महाआरती में सम्मिलित होकर श्रद्धालुओं के साथ आराधना की।

घाट पर पाँच पंडितों द्वारा वाराणसी के दशाश्वमेध घाट की तर्ज पर भव्य आरती का आयोजन किया गया, जिसकी दिव्य छटा ने समूचे क्षेत्र को आध्यात्मिक ऊर्जा से आलोकित कर दिया। जैसे ही ढोल-नगाड़ों की गूंज के बीच दीपमालाएं जल उठीं, पूरा वातावरण “हर हर गंगे” और “जय छठी मईया” के स्वर से मंत्रमुग्ध हो उठा।
कार्यक्रम में व्रती महिलाओं ने पारंपरिक वेशभूषा में तालाब के जल में खड़े होकर डूबते सूर्य को अर्घ्य अर्पित किया। श्रद्धालुओं की भीड़, रंग-बिरंगे सजावट से सजा घाट, जलती दीपमालाएं और छठ मैया के भजन—इन सबने मिलकर भक्ति और आस्था का अनुपम संगम रचा।

इस भव्य आयोजन को सफल बनाने में समिति अध्यक्ष रवि पासवान, उपाध्यक्ष सुनील पाण्डेय, सचिव केशव झा, तरुण आचारी, राजेश पासवान, शिव झा, राजेन्द्र सिंह, मनी मोहन ओझा, छोटेलाल शाह, भास्कर राव, गणेश दास, दिनेश मुदलियार, दिनेश कौशिक, अनंत प्रसाद, गुलाब विश्वकर्मा, गुड्डू तिवारी, द्रोण सोनकलिहारी, चंद्रकांत चंदू, राजीव पाण्डेय, राजेश सिंह, मनोज पाल, हेमंत पाठक, पप्पू निर्मलकर, दीपक साहू, सूरज मरकाम, सोमनाथ पाण्डेय, आनंद शर्मा शंभू, रवि साहू, गिरीश, अर्जुन निर्मलकर, जयंत पाठक, सौरभ वैश्य, राकेश सिंह, ओमकार यादव, जयंत साहू, राजकुमार यादव, पप्पू मिश्रा, राजकुमार शाह, साई, संजय यादव, कन्हैया कौशिक और पुष्पेंद्र साहू सहित सभी सदस्यों की विशेष भूमिका रही।
छठ पूजा समिति के इन अथक प्रयासों से न केवल एक भव्य धार्मिक आयोजन संभव हुआ, बल्कि पूरे क्षेत्र में आस्था, एकता और संस्कृति का संदेश भी प्रसारित हुआ। यह आयोजन इस बात का प्रतीक बना कि जब समाज श्रद्धा और सहयोग से जुड़ता है, तो भक्ति की लौ पूरे नगर को प्रकाशित कर देती है।



