पुतिन दिसंबर में आ सकते है भारत दौरे पर, मोदी से होगी अहम मुलाकात

23वें भारत-रूस द्विपक्षीय शिखर सम्मेलन में भाग लेंगे रूसी राष्ट्रपति
नई दिल्ली। रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन दिसंबर के पहले सप्ताह में भारत आ सकते हैं। सूत्रों के मुताबिक, उनका दौरा 5 से 6 दिसंबर के बीच प्रस्तावित है। पुतिन इस दौरान नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात करेंगे और 23वें वार्षिक भारत-रूस द्विपक्षीय शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेंगे। उप राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार पवन कपूर ने भी इस उच्चस्तरीय दौरे की तैयारियों की पुष्टि की है। जल्द ही विदेश मंत्रालय की ओर से इसकी औपचारिक घोषणा की जाएगी।
क्यों अहम है यह दौरा?
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा भारत पर रूस से तेल खरीदने को लेकर 50 प्रतिशत टैरिफ लगाने के बाद भारत-रूस संबंधों में नई मजबूती देखने को मिली है। ऐसे में पुतिन का यह दौरा और शिखर सम्मेलन दोनों देशों की रणनीतिक साझेदारी को और गहरा करने वाला माना जा रहा है। इस वार्षिक शिखर सम्मेलन को भारत-रूस संबंधों का प्रमुख स्तंभ माना जाता है। पुतिन के संभावित दौरे को लेकर पहली चर्चा राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल की मॉस्को यात्रा के दौरान हुई थी।
व्यापार और रक्षा से लेकर टेक्नोलॉजी तक चर्चा
भारत-रूस द्विपक्षीय शिखर सम्मेलन वर्ष 2000 में शुरू हुआ था और यह दोनों देशों में बारी-बारी से आयोजित होता है। कोविड-19 महामारी के कारण बीच में यह सम्मेलन प्रभावित हुआ था। आगामी बैठक में व्यापार, रक्षा, वित्त, स्वास्थ्य सेवा और उच्च प्रौद्योगिकी जैसे अहम क्षेत्रों पर बातचीत होगी।
2021 के बाद पहली भारत यात्रा
पुतिन पिछली बार 6 दिसंबर 2021 को भारत आए थे। तब उनका दौरा महज 4 घंटे का था। उसी वर्ष प्रधानमंत्री मोदी दो बार रूस गए थे—पहली बार जुलाई में 22वें वार्षिक शिखर सम्मेलन के लिए और दूसरी बार अक्टूबर में 16वें BRICS शिखर सम्मेलन के लिए। हालांकि, 2023 में अंतरराष्ट्रीय आपराधिक न्यायालय (ICC) द्वारा उनके खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी होने के बाद पुतिन की विदेश यात्राएं सीमित हो गई हैं।
इस लिहाज से पुतिन का दिसंबर का भारत दौरा न केवल कूटनीतिक रूप से बल्कि वैश्विक राजनीति के परिप्रेक्ष्य में भी बेहद अहम माना जा रहा है।



