महाकुंभ 2025 : राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने संगम में लगाई आस्था की डुबकी, गंगा आरती में हुईं शामिल

महाकुंभ नगर (प्रयागराज) // राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू महाकुंभ नगर पहुंचीं, जहां उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उनका भव्य स्वागत किया। राष्ट्रपति ने त्रिवेणी संगम में आस्था की डुबकी लगाई और अक्षय वट का दर्शन-पूजन किया। इसके साथ ही उन्होंने संगम तट पर गंगा पूजन और आरती में भाग लिया।
राष्ट्रपति मुर्मू विशेष हेलीकॉप्टर से अरैल क्षेत्र स्थित डीपीएस हेलीपैड पर उतरीं, जहां से वे कार द्वारा अरैल वीवीआईपी जेटी पहुंचीं। इसके बाद वे निशादराज क्रूज के माध्यम से संगम तट तक गईं और दोपहर करीब 12 बजे पवित्र स्नान किया। गंगा आरती और पूजन के बाद उन्होंने डिजिटल महाकुंभ अनुभव केंद्र का अवलोकन भी किया।
राष्ट्रपति के दौरे के लिए सुरक्षा के कड़े इंतजाम
राष्ट्रपति की यात्रा को देखते हुए त्रिवेणी संगम और महाकुंभ क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रही। अतिरिक्त सुरक्षा बलों की तैनाती की गई ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो। राज्यपाल आनंदीबेन पटेल पूरे कार्यक्रम के दौरान राष्ट्रपति के साथ रहीं। शाम 5.50 बजे राष्ट्रपति प्रयागराज से लखनऊ के लिए रवाना हो गईं।

महाकुंभ में शामिल हो चुके कई बड़े नेता और हस्तियां
इस महाकुंभ में अब तक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू, कवि कुमार विश्वास, हरियाणा सीएम नायब सिंह सैनी, मणिपुर सीएम एन बीरेन सिंह समेत कई गणमान्य व्यक्ति संगम में आस्था की डुबकी लगा चुके हैं।
41 करोड़ से अधिक श्रद्धालुओं ने किया स्नान
महाकुंभ 2025 की दिव्यता और भव्यता का आकर्षण दुनिया भर में फैल रहा है। अब तक 41 करोड़ से अधिक श्रद्धालु त्रिवेणी संगम में स्नान कर चुके हैं। बसंत पंचमी के अवसर पर ही करीब डेढ़ करोड़ श्रद्धालुओं ने पावन डुबकी लगाई। इसके अलावा, 10 लाख से अधिक श्रद्धालु महाकुंभ में कल्पवास कर रहे हैं।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू भारत की दूसरी राष्ट्रपति बनीं, जिन्होंने महाकुंभ में संगम स्नान किया। इससे पहले 1954 में देश के पहले राष्ट्रपति डॉ. राजेंद्र प्रसाद ने संगम में पवित्र स्नान किया था।



