भोपाल को 40 साल बाद जहरीले कचरे से मिली मुक्ति, बीजेपी में आज से बैठकों का दौर, प्रदेश में ठंड का प्रकोप जारी
भोपाल ( शिखर दर्शन ) // दुनिया की सबसे भीषण औद्योगिक त्रासदी भोपाल गैस कांड के लिए जिम्मेदार यूनियन कार्बाइड फैक्ट्री के जहरीले कचरे को आखिरकार 40 साल बाद शहर से बाहर कर दिया गया। फैक्ट्री के भीतर जमा 337 मीट्रिक टन जहरीले कचरे को बुधवार रात भारी सुरक्षा इंतजामों के बीच पीथमपुर भेजा गया। रात करीब 9 बजे 12 विशेष कंटेनरों में कचरे को लादकर राजधानी से रवाना किया गया।
सुरक्षा के लिहाज से इस अभियान में पुलिस, एंबुलेंस और दमकल की गाड़ियों को शामिल किया गया। कचरे को सुरक्षित गंतव्य तक पहुंचाने के लिए भोपाल से पीथमपुर तक 250 किलोमीटर लंबा ग्रीन कॉरिडोर तैयार किया गया। पूरे मार्ग में सुरक्षा मानकों का सख्ती से पालन किया गया।
बीजेपी में आज से बैठकों का दौर शुरू
भोपाल। मध्य प्रदेश बीजेपी के संगठनात्मक कामकाज को लेकर आज और कल प्रदेश कार्यालय में बैठकों का सिलसिला चलेगा। इन बैठकों में पर्यवेक्षक और जिला निर्वाचन अधिकारियों के साथ हर जिले की गतिविधियों पर वन-टू-वन चर्चा की जाएगी।
सूत्रों के अनुसार, 5 जनवरी तक सभी जिलाध्यक्षों की सूची जारी होने की संभावना है। बैठक में प्रदेश संगठन चुनाव प्रभारी सरोज पांडेय, राष्ट्रीय सह संगठन महामंत्री शिवप्रकाश और प्रदेश संगठन महामंत्री हितानंद शर्मा प्रमुख भूमिका निभा रहे हैं। इन वरिष्ठ नेताओं के नेतृत्व में सभी जिलों से जुड़े मुद्दों पर विस्तार से चर्चा होगी।
प्रदेश में कड़ाके की ठंड का कहर जारी
भोपाल। मध्य प्रदेश इन दिनों कड़ाके की ठंड की चपेट में है। मौसम विभाग ने आगामी तीन दिनों के लिए 14 जिलों में शीतलहर की चेतावनी जारी की है। अनुमान है कि जनवरी के 20 से 22 दिन शीतलहर का प्रकोप बना रहेगा।
राजधानी भोपाल में गुरुवार सुबह घने कोहरे से ढकी रही, जिससे जनजीवन प्रभावित हुआ। शहडोल में सबसे कम तापमान 6.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, ठंड का यह दौर फिलहाल जारी रहेगा।



