जबलपुर में शौर्य यात्रा को लेकर विवाद: विश्व हिंदू परिषद और पुलिस प्रशासन के बीच टकराव

जबलपुर ( शिखर दर्शन ) // मध्य प्रदेश के जबलपुर शहर में विश्व हिंदू परिषद (VHP) और बजरंग दल द्वारा आयोजित शौर्य यात्रा को लेकर बड़ा विवाद सामने आया। यह यात्रा अयोध्या में विवादित ढांचे को गिराए जाने की बरसी के उपलक्ष्य में निकाली जाती है। हालांकि, इस साल यात्रा के मार्ग को लेकर प्रशासन और हिंदूवादी संगठनों के बीच टकराव बढ़ गया।
यात्रा के लिए गोविंदगंज हितकारिणी स्कूल परिसर में पूजा के बाद यात्रा के शुरू होने की तैयारी की जा रही थी। इस बीच, विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के नेता चाहते थे कि यात्रा मुस्लिम बहुल क्षेत्र “मंडी मदार टेकरी” से निकाली जाए। प्रशासन ने इस मांग को खारिज करते हुए कहा कि इस इलाके से यात्रा निकालने से माहौल तनावपूर्ण हो सकता है।
हालांकि, पुलिस और प्रशासन की समझाइश को नकारते हुए, विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के नेताओं ने अपनी जिद जारी रखी। उनका कहना था कि जैसे अन्य समुदायों के त्योहारों पर धार्मिक यात्राएं हर इलाके से निकाली जाती हैं, वैसे ही शौर्य यात्रा को भी अनुमति दी जाए। इस पर प्रशासन की ओर से कोई सहमति नहीं बन पाई, और स्थिति बेकाबू हो गई।
इस विवाद के दौरान, हिंदूवादी संगठन के कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच धक्का-मुक्की की स्थिति उत्पन्न हो गई। एक ओर कार्यकर्ता नारेबाजी करते रहे, तो दूसरी ओर प्रशासन उन्हें शांत करने की कोशिश करता रहा।
काफी देर तक चली इस हलचल के बाद पुलिस ने परंपरागत मार्ग से शौर्य यात्रा निकालने की अनुमति दी। इस फैसले से हिंदूवादी संगठनों के नेताओं ने आक्रोश व्यक्त किया, लेकिन अंततः शौर्य यात्रा अपने तय मार्ग से निकाली गई।
यह घटना दर्शाती है कि धार्मिक और सामाजिक आयोजनों को लेकर प्रशासन और समुदायों के बीच संवेदनशील स्थिति बन सकती है।



