सड़क दुर्घटनाओं में घायलों की मदद करने वाले को सरकार का 10 हजार रुपये का इनाम

नीतीश सरकार की परिवहन मंत्री शीला मंडल ने गुरुवार को कहा कि सड़क दुर्घटनाओं में पहले घंटे का समय बेहद महत्वपूर्ण होता है; अगर घायल को तुरंत अस्पताल पहुंचा दिया जाए, तो उनकी जान बचाई जा सकती है। पहले केंद्र सरकार की योजना के तहत दुर्घटना के शिकार को अस्पताल पहुंचाने वाले को 5,000 रुपये मिलते थे, लेकिन अब बिहार सरकार ने इस राशि को दोगुना कर 10,000 रुपये कर दिया है।

परिवहन मंत्री शीला मंडल ने गुरुवार को सड़क दुर्घटनाओं के संदर्भ में मीडिया से बातचीत की। उन्होंने बताया कि सड़क दुर्घटनाओं में घायल लोगों की मदद करने वालों को प्रोत्साहन राशि प्रदान की जाती है, जिससे समाज में इंसानियत को बनाए रखा जा सके। उन्होंने कहा कि पहले उनके विभाग द्वारा ‘गुड सर्वेटर’ के तहत सर्टिफिकेट प्रदान किया जाता था, लेकिन अब इस योजना के तहत 5,000 रुपये की प्रोत्साहन राशि दी जा रही है, जिसे भारत सरकार ने भी अपना लिया है।
बिना परमिट चलने वाले वाहनों पर होगी कड़ी कार्रवाई: परिवहन मंत्री :
परिवहन मंत्री ने स्पष्ट किया कि बिना परमिट के चलने वाले वाहनों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि किसी भी शिकायत मिलने पर जांच की जाएगी और फर्जी परमिट वाले वाहनों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी, जिसमें उनके लाइसेंस को रद्द किया जा सकता है। इसके साथ ही, मंत्री ने यह भी उल्लेख किया कि हर जिले में दुर्घटनाओं में घायलों की मदद करने वाले लोगों को बिहार सरकार की ओर से प्रोत्साहन राशि दी जाती है, जिससे और लोग मदद के लिए आगे आ रहे हैं। उन्होंने सड़क दुर्घटनाओं के आरोपियों को सख्त सजा देने की बात भी की और सभी को एक-दूसरे की मदद करने का आह्वान किया।



