“छत्तीसगढ़ में विशेषज्ञ चिकित्सकों की कमी का समीक्षण: विशेष सचिव द्वारा कमेटी का गठन”
रायपुर // ( शिखर दर्शन ) // आज, विधानसभा सचिवालय में आयोजित बैठक में, विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री श्यामबिहारी जायसवाल और उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा के साथ सम्मिलित होकर प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था और मेडिकल कॉलेजों की सुविधाओं पर विस्तार से चर्चा की।
बैठक में, विधानसभा अध्यक्ष ने प्रदेश के मेडिकल कॉलेजों में विशेषज्ञ चिकित्सकों की कमी को लेकर चिंता जाहिर की और उनके मानदेय को बढ़ाने तथा उन्हें नियमित करने के लिए आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल को विधानसभा अध्यक्ष के सुझाव पर स्वास्थ्य विभाग के एक कमेटी गठित करने के निर्देश दिए हैं।

इस कमेटी में स्वास्थ्य विभाग के विशेष सचिव नोडल अधिकारी शामिल होंगे, साथ ही वित्त तथा स्वास्थ्य विभाग के उच्च अधिकारी और किसी मेडिकल कॉलेज के डीन तथा सीनियर प्रोफेसर भी शामिल होंगे। यह कमेटी एक महीने में विशेषज्ञ चिकित्सकों के मानदेय और उनके नियमितिकरण के लिए प्रावधानों और नियमों का अध्ययन कर अपनी रिपोर्ट पेश करेगी।
बैठक में, विधानसभा अध्यक्ष ने राज्य के सभी मेडिकल कॉलेजों की सुविधाओं और स्थापना को लेकर विस्तारपूर्वक चर्चा की। उन्होंने राज्य की जनता को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए स्वास्थ्य विभाग को लघु एवं दीर्घ लक्ष्य बनाकर काम करने की सलाह दी। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग को असिस्टेंट प्रोफेसर्स के रिक्त पदों को जल्द पीएससी के माध्यम से भरने की बात स्वास्थ्य मंत्री से कही।
जिला अस्पतालों में सुविधाओं की ली जानकारी
स्वास्थ्य मंत्री श्यामबिहारी जायसवाल ने बैठक में प्रदेश के निर्माणाधीन मेडिकल कॉलेजों के बारे में जानकारी लेते हुए उनकी शीघ्र स्थापना के लिए आवश्यक कार्यों को पूर्ण करने के निर्देश दिए। मंत्री जायसवाल ने राज्य के मेडिकल कॉलेजों और जिला अस्पतालों में सुविधाओं के विस्तार और खाली पदों को भरने को लेकर भी विभाग के उच्च अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए, ताकि राज्य की जनता को स्वास्थ्य सुविधाओं का ज्यादा से ज्यादा लाभ मिल सके।
समीक्षा बैठक में, विधानसभा के सचिव दिनेश शर्मा, स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव मनोज पिंगुआ, वित्त विभाग के सचिव मुकेश कुमार बंसल, स्वास्थ्य विभाग के विशेष सचिव चंदन कुमार, सीजीएमएससी की एमडी पद्मिनी भोई साहू, चिकित्सा शिक्षा के संचालक डॉ. यूएस पैंकरा समेत विभाग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
