गिरौदपुरी जैतखाम में तोड़फोड़ : सतनामी समाज का आक्रोश, कलेक्टर कार्यालय में हंगामा और आगजनी, कई पुलिसकर्मी घायल !
बलौदाबाजार. छत्तीसगढ़ के गिरौदपुरी में जैतखाम तोड़ने का मामला अब गंभीर रूप लेता जा रहा है। बलौदाबाजार में आज सतनामी समाज ने आरोपियों की गिरफ्तारी और अन्य मांगों को लेकर उग्र प्रदर्शन किया। कलेक्ट्रेट का घेराव करते हुए प्रदर्शनकारियों ने परिसर में खड़ी बाइक और चारपहिया वाहनों में आग लगा दी। अधिकारियों की गाड़ियों को भी क्षतिग्रस्त किया गया। प्रदर्शन के दौरान समाज के लोगों और पुलिस के बीच झड़पें हुईं, जिसमें कई पुलिसकर्मी घायल हो गए हैं। इस मामले में छत्तीसगढ़ के गृहमंत्री विजय शर्मा ने स्थिति को गंभीरता से लेते हुए कहा है कि पूरे मामले की न्यायिक जांच कराई जाएगी। उन्होंने दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया है। गृहमंत्री ने जनता से शांति और सामाजिक सौहार्द्र बनाए रखने की अपील भी की है। उन्होंने कहा कि सरकार इस मामले को प्राथमिकता के साथ देख रही है और किसी भी प्रकार के असामाजिक तत्वों को बख्शा नहीं जाएगा।
जानिए, क्या है मामला?
गिरौदपुरी धाम से लगभग 5 किलोमीटर दूर मानाकोनी में एक प्राचीन बाघिन गुफा स्थित है। यह स्थान सतनामी समाज के लिए महत्वपूर्ण धार्मिक स्थल है। इसी स्थान पर एक जैतखाम और सतनामी समाज का पूजा स्थल भी है, जिसे हाल ही में तोड़फोड़ का निशाना बनाया गया।
जैतखाम सतनामी समाज के लिए अत्यधिक पवित्र स्थल है, और इस पर किसी भी प्रकार की क्षति का समाज पर गहरा प्रभाव पड़ता है। इस तोड़फोड़ की घटना से सतनामी समाज के लोगों में गहरा आक्रोश व्याप्त है। वे इसे अपनी धार्मिक आस्था और पहचान पर हमला मानते हैं।
गिरौदपुरी धाम छत्तीसगढ़ का एक महत्वपूर्ण तीर्थ स्थल है, जिसे संत गुरु घासीदास के नाम से जाना जाता है। यहाँ हर साल लाखों श्रद्धालु आते हैं और यह सतनामी समाज के लिए एक पवित्र धाम है। इस इलाके में जैतखाम और पूजा स्थलों का विशेष महत्व है, जो समाज की धार्मिक और सांस्कृतिक धरोहर का प्रतीक हैं।
इस घटना के बाद सतनामी समाज के लोगों ने बड़े पैमाने पर प्रदर्शन किया और आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की। उन्होंने बलौदाबाजार के कलेक्ट्रेट कार्यालय का घेराव किया और वाहनों को आग के हवाले कर दिया। इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़पें भी हुईं, जिसमें कई पुलिसकर्मी घायल हो गए।
गृहमंत्री विजय शर्मा ने घटना की गंभीरता को देखते हुए जल्द से जल्द न्यायिक जांच कराने का आदेश दिया है। उन्होंने सभी समुदायों से शांति बनाए रखने और एक दूसरे के प्रति सौहार्द्र बनाए रखने की अपील की है। सरकार इस मामले में दोषियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई करेगी, ताकि समाज में कानून और व्यवस्था बनी रहे।


