77वां गणतंत्र दिवस 2026: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने फहराया तिरंगा, कर्तव्य पथ पर सैन्य शक्ति और ब्रह्मोस-आकाश-अर्जुन टैंक का भव्य प्रदर्शन

नई दिल्ली (शिखर दर्शन) // देश आज अपना 77वां गणतंत्र दिवस मना रहा है। राजधानी दिल्ली के कर्तव्य पथ पर आयोजित मुख्य समारोह में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने ध्वजारोहण कर राष्ट्र को संबोधित किया और सैन्य परेड की सलामी ली। इस वर्ष गणतंत्र दिवस पर पहली बार दो चीफ गेस्ट शामिल हुए हैं—यूरोपीय परिषद के अध्यक्ष एंटोनियो कोस्टा और यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन।
सैन्य परेड में भारत की शक्ति का भव्य प्रदर्शन देखने को मिला। कर्तव्य पथ पर ब्राह्मोस और आकाश मिसाइल सिस्टम, MRSAM, ATAGS, धनुष तोप, शक्तिबान, और विभिन्न ड्रोन सिस्टम्स का स्टैटिक डिस्प्ले प्रस्तुत किया गया। इसके साथ ही अर्जुन युद्धक टैंक और अन्य हथियार प्रणालियों की गर्जना ने उपस्थित अतिथियों और दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
वायुसेना ने इस मौके पर 29 एयरक्राफ्ट का फ्लाईपास्ट किया। इसमें 16 फाइटर जेट, 4 ट्रांसपोर्ट विमान और 9 हेलिकॉप्टर शामिल थे, जो 8 अलग-अलग फॉर्मेशन में आसमान पर अपना कौशल दिखा रहे थे।
इस वर्ष की परेड में 30 झांकियां शामिल हुईं—17 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से और 13 मंत्रालयों की। इसके अलावा, 18 मार्चिंग टुकड़ियां और 13 बैंड परेड में शामिल हुए। लगभग 2,500 कलाकारों ने झांकियों और परेड में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। कर्तव्य पथ पर वंदे मातरम् की पेंटिंग और बंकिम चंद्र चटर्जी को श्रद्धांजलि का विशेष दृश्य भी दिखा।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस अवसर पर वीडियो संदेश जारी करते हुए कहा कि स्वतंत्रता के बिना विकास संभव नहीं है। उन्होंने कहा, “गणतंत्र दिवस हमारी स्वतंत्रता, संविधान और लोकतांत्रिक मूल्यों का प्रतीक है। यह पर्व हमें राष्ट्र निर्माण के संकल्प के साथ एकजुट होकर आगे बढ़ने की प्रेरणा देता है।”
लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी ने देशवासियों को गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएं दीं और कहा कि हमारा संविधान हर भारतीय का सबसे बड़ा हथियार है, जो हमारे अधिकारों की सुरक्षा करता है।
इसके अलावा, चिनार कॉर्प्स ने अपने सभी जवानों, पूर्व सैनिकों, सिविल डिफेंस कर्मचारियों, उनके परिवारों और कश्मीरवासियों को 77वें गणतंत्र दिवस की बधाई दी।



