भोपाल में सुरक्षा हाई अलर्ट, सुप्रीम कोर्ट की सुनवाई से पहले धार भोजशाला पर निगाहें, मेट्रो घाटे में और अफसरों पर मुख्य सचिव का गुस्सा

भोपाल (शिखर दर्शन) // धार भोजशाला मामले में सुप्रीम कोर्ट की निर्णायक सुनवाई आज
सुप्रीम कोर्ट में आज धार के भोजशाला मामले पर निर्णायक सुनवाई होने जा रही है। इस फैसले के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि कल बसंत पंचमी पर भोजशाला में पूरे दिन पूजा होगी या समय-सीमा के साथ नमाज भी होगी। हिंदू फ्रंट फॉर जस्टिस की याचिका पर आज अंतिम निर्णय हो सकता है।
धार के भोजशाला परिसर में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। 8,000 से ज्यादा पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं, जबकि पूरे 300 मीटर क्षेत्र को नो-फ्लाई जोन घोषित किया गया है। प्रशासन हाई अलर्ट पर है क्योंकि यह चौथा मौका है जब बसंत पंचमी शुक्रवार को पड़ रही है। इससे पहले 2006, 2013 और 2016 में भी ऐसा हुआ था।
भोपाल मेट्रो को एक माह पूरा, लेकिन घाटा बढ़ा
भोपाल मेट्रो के कमर्शियल संचालन को एक माह पूरा हो गया है। शुरुआत में यात्रियों का उत्साह था, लेकिन अब यात्री संख्या में लगातार गिरावट के कारण मेट्रो रोजाना लाखों का नुकसान झेल रही है। राजधानी में मेट्रो का सपना 21 दिसंबर 2025 को साकार हुआ था। पहले दिन हजारों लोगों ने मेट्रो का अनुभव लिया, लेकिन अब रोजाना लगभग 8 लाख रुपये का संचालन खर्च होने के बावजूद टिकट से आय सिर्फ औसतन 15-20 हजार रुपये ही हो रही है।
मुख्य सचिव अनुराग जैन ने अफसरों पर जताई नाराजगी
मध्य प्रदेश के मुख्य सचिव अनुराग जैन ने कलेक्टर-कमिश्नर कॉन्फ्रेंस में अफसरों के कथित लेन-देन और भ्रष्टाचार पर नाराजगी जताई। उन्होंने एक नामांतरण मामले का उदाहरण देकर चेतावनी दी कि सरकार सब कुछ जानती है।
जैन ने कहा कि कई जिलों में भ्रष्टाचार और शिकायतें सामने आ रही हैं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे सरकार की प्राथमिकताओं और जनता के हित में काम करें। भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस बैठक में लॉ एंड ऑर्डर, जनसुनवाई और CM हेल्पलाइन जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर भी चर्चा की गई।



