SIR ड्यूटी के दौरान महिला BLO पर मकान मालिक ने छोड़ा पालतू कुत्ता, चेहरे और गर्दन पर गंभीर चोटें

केरल में मतदाता सूची पुनरीक्षण के दौरान बड़ा हादसा: महिला BLO पर छोड़ा पालतू कुत्ता, चेहरे और गर्दन पर आई गंभीर चोटें
केरल (शिखर दर्शन) // केरल में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) की प्रक्रिया के दौरान एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है। कोट्टायम जिले के नट्टकम गांव में SIR ड्यूटी पर गई महिला बूथ लेवल ऑफिसर (BLO) मर्सी जोसेफ पर एक स्थानीय व्यक्ति ने अपना पालतू कुत्ता छोड़ दिया, जिससे महिला गंभीर रूप से घायल हो गईं। कुत्ते के हमले में जोसेफ के चेहरे और गर्दन पर गहरी चोटें आई हैं।
मिली जानकारी के अनुसार, मर्सी जोसेफ पक्किल क्षेत्र में घर-घर जाकर गणना फॉर्म वितरित कर रही थीं। इस दौरान जब वह एक घर पर पहुंचीं, तो मकान मालिक ने अचानक अपने पालतू कुत्ते को उन पर छोड़ दिया। कुत्ते ने उन पर झपटकर काट लिया। घायल महिला को तत्काल अस्पताल ले जाया गया। घटना के बाद महिला BLO ने स्थानीय पुलिस में शिकायत दर्ज कराई, जिसके बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
चुनाव आयोग ने इस घटना का संज्ञान लिया है। आयोग की ओर से इसे एक ‘दुर्भाग्यपूर्ण दुर्घटना’ बताया गया है। वहीं, मकान मालिक ने अपनी गलती स्वीकार करते हुए खेद जताया है। कोट्टायम जिले में SIR की प्रक्रिया के लिए कुल 171 बूथ लेवल ऑफिसर नियुक्त किए गए हैं, जो घर-घर जाकर मतदाता सूची के पुनरीक्षण कार्य में जुटे हैं।
12 राज्यों में चल रहा है SIR अभियान
बिहार के बाद अब चुनाव आयोग ने देश के 12 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों — पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, पुडुचेरी, मध्य प्रदेश, लक्षद्वीप, केरल, गुजरात, गोवा, छत्तीसगढ़ और अंडमान-निकोबार — में विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) की प्रक्रिया शुरू की है।
बताया गया है कि तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल, केरल, असम और पुडुचेरी में वर्ष 2026 में विधानसभा चुनाव होने हैं। असम में SIR प्रक्रिया अलग से संचालित की जाएगी। घर-घर गणना और सत्यापन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद मतदाता सूची का ड्राफ्ट संस्करण 9 दिसंबर 2025 को जारी किया जाएगा, जबकि अंतिम मतदाता सूची 7 फरवरी 2026 को प्रकाशित की जाएगी।
यह घटना न केवल मतदाता सूची पुनरीक्षण कार्य में लगे कर्मचारियों की सुरक्षा को लेकर सवाल उठाती है, बल्कि प्रशासन के लिए भी चेतावनी है कि ड्यूटी के दौरान ऐसे कर्मियों की सुरक्षा के पुख्ता इंतज़ाम सुनिश्चित किए जाएं।



