बकरीद की नमाज में गूंजा देशभक्ति का पैगाम: जबलपुर में शहीदों को दी श्रद्धांजलि, कर्नल सोफिया की बहादुरी को बताया मुस्लिम समाज का गर्व
जबलपुर (शिखर दर्शन) // ईद-उल-अजहा के पावन मौके पर जबलपुर के रानीताल स्थित ईदगाह में हजारों मुसलमानों ने नमाज अदा की। इस अवसर पर मध्य प्रदेश के मुफ़्ती-ए-आज़म मौलाना डॉक्टर मोहम्मद मुशाहिद रज़ा कादरी ने भी सामूहिक नमाज में हिस्सा लिया और देशभक्ति, सामाजिक एकता तथा मुस्लिम समाज की भूमिका पर जोरदार संदेश दिया।
नमाज के बाद अपने संबोधन में मुफ़्ती-ए-आज़म ने देश में बढ़ते हिंदू-मुस्लिम तनाव पर चिंता जताई और कहा कि यह फिजा मुल्क के लिए ठीक नहीं है। उन्होंने अपील की कि मुसलमानों की अनदेखी न की जाए और उन्हें राष्ट्र निर्माण में बराबरी की भागीदारी मिले।
“देश को आज़ादी दिलाने में हिंदू-मुसलमानों की साझा कुर्बानी रही है। आज भी मुस्लिम समाज सरहदों की हिफाजत कर रहा है और देश के भीतर अमन-शांति बनाए रखने में अपनी जिम्मेदारी निभा रहा है,” मुफ़्ती-ए-आज़म ने कहा।
उन्होंने ऑपरेशन सिंदूर में अहम भूमिका निभाने वाली कर्नल सोफिया कुरैशी की सराहना करते हुए कहा, “सोफिया जैसी बेटियों पर पूरे मुस्लिम समाज को नाज है। उनकी बहादुरी ने पूरे समुदाय का सिर गर्व से ऊंचा कर दिया है। खुदा हर घर में ऐसी बेटियां अता करे जो मुल्क पर जान लुटा सकें।”
मुफ़्ती-ए-आज़म ने अंत में मुल्क की सलामती, अमन-चैन और भाईचारे की दुआ मांगी। इस मौके पर रानीताल ईदगाह में बड़ी संख्या में लोग एकत्रित हुए और देश के प्रति एकजुटता का संदेश दिया।
