CGBSE Result 2025: 10वीं-12वीं के टॉपर्स से खास बातचीत—पेपर बांटने वाला अखिल बना टॉपर, बढ़ई की बेटी आरती ने भी दिलाया जिले को गर्व, जानें इनकी सफलता के पीछे की कहानियाँ
छोटे गांवों के होनहारों ने रचा इतिहास, 10वीं-12वीं के टॉपर्स ने किया प्रदेश का नाम रोशन
टॉपरों में अखिल सेन, श्रुति मंगतानी, वैशाली साहू, इशिका बाला और नमन खुंटिया सहित कई छात्रों ने साझा किए सफलता के राज
रायपुर (शिखर दर्शन) //
छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल ने आज 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षाओं का रिजल्ट जारी किया। इस वर्ष भी गांव और कस्बों के मेधावी छात्रों ने प्रदेश की प्रावीण्य सूची में परचम लहराया। कक्षा 12वीं में जहां 15 छात्रों ने टॉप टेन में जगह बनाई, वहीं 10वीं में 85 छात्र इस उपलब्धि में शामिल रहे। टॉपर छात्रों ने बातचीत में सेल्फ स्टडी, अनुशासन और परिवार व शिक्षकों के सहयोग को अपनी सफलता की कुंजी बताया।

अखिल सेन
12वीं टॉपर अखिल सेन: पेपर बांटते-बांटते पढ़ा, बिना कोचिंग 98.20% हासिल किए
कांकेर जिले के धनेलीकन्हार गांव के अखिल सेन ने 12वीं कॉमर्स में 98.20% अंक लाकर प्रदेश में प्रथम स्थान प्राप्त किया। उन्होंने बताया कि उन्होंने कभी कोचिंग या ट्यूशन नहीं ली। उनके चाचा की न्यूज पेपर एजेंसी है, जहां वह सुबह पेपर बांटते थे और फिर स्कूल जाते थे। सेल्फ स्टडी के बलबूते रोज 6-7 घंटे पढ़ाई करते हुए उन्होंने यह मुकाम हासिल किया।

श्रुति मंगतानी
दूसरे स्थान पर श्रुति मंगतानी: स्कूल की पढ़ाई को ही बनाया आधार, बनना चाहती हैं सीए
मनेंद्रगढ़ की श्रुति मंगतानी ने 97.40% अंक लाकर 12वीं में दूसरा स्थान प्राप्त किया। उन्होंने कहा कि स्कूल में पढ़ाया गया हर कांसेप्ट क्लियर किया और रोज घर आकर तीन घंटे रिवीजन करती थीं। श्रुति ने बताया कि वह आगे चलकर सीए बनना चाहती हैं।

वैशाली साहू
तीसरे स्थान पर वैशाली साहू: गांव ताकम की बेटी बनना चाहती है IAS अफसर
बेमेतरा जिले की वैशाली साहू ने 97.20% अंक हासिल कर तीसरा स्थान प्राप्त किया। उन्होंने कहा कि कांसेप्ट क्लियर हों तो सब कुछ संभव है। लगातार मेहनत और अनुशासन से यह सफलता हासिल की। वैशाली का सपना है कि वह UPSC की तैयारी कर IAS अधिकारी बनें।

कृतका यादव
प्लम्बर की बेटी कृतका यादव ने पाई छठवीं रैंक, कहा – मेहनत का कोई विकल्प नहीं
रायगढ़ जिले की ग्राम कोड़ातराई निवासी कृतका यादव ने 96.60% अंक लाकर 12वीं में छठवां स्थान प्राप्त किया। सरकारी स्कूल की छात्रा कृतका ने बताया कि वह आगे चलकर सीए बनना चाहती हैं। उनके पिता प्लम्बर और माता गृहिणी हैं। परिवार के सपनों को पूरा करने के लिए वे हरसंभव प्रयास करेंगे।

इशिका बाला
10वीं टॉपर इशिका बाला: कांकेर की बेटी बनना चाहती है IAS, रोज पढ़ती थी 3-4 घंटे
कांकेर की इशिका बाला ने 99.17% अंक प्राप्त कर कक्षा 10वीं में प्रथम स्थान प्राप्त किया। इशिका ने अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता और शिक्षकों को दिया। उनका सपना है कि वे UPSC पास कर IAS बनें और समाज की सेवा करें।

नमन कुमार खुंटिया
किसान का बेटा नमन कुमार बना टॉपर, इंजीनियर बनने का सपना
जशपुर के नमन कुमार खुंटिया ने भी 99.17% अंक प्राप्त कर 10वीं में प्रथम स्थान हासिल किया। नमन किसान परिवार से आते हैं। उन्होंने कहा कि यह सफलता उन्होंने कभी नहीं सोची थी, लेकिन मेहनत और शिक्षकों के सहयोग से यह संभव हुआ। उनका सपना इंजीनियर बनना है।

लिव्यांश देवांगन
लिव्यांश देवांगन को मिला दूसरा स्थान, IAS बनने का है सपना
पीएमश्री आत्मनंद स्कूल सिमगा के लिव्यांश देवांगन ने 99% अंक पाकर 10वीं में दूसरा स्थान प्राप्त किया। उन्होंने बताया कि सेल्फ स्टडी के साथ स्कूल के शिक्षकों का मार्गदर्शन उन्हें मिला। वह UPSC की तैयारी कर IAS बनना चाहते हैं।

आरती भोई
बढ़ई की बेटी आरती भोई 10वीं में छठवें स्थान पर, बनना चाहती हैं डॉक्टर
महासमुंद के खम्हरपाली गांव की आरती भोई ने 98.33% अंक के साथ प्रदेश में छठवां स्थान प्राप्त किया। उनके पिता बढ़ई और माता गृहिणी हैं। आरती ने सरकारी स्कूल से पढ़ाई की और डॉक्टर बनने की इच्छा जाहिर की।

मेघा चंद्रा
बिना कोचिंग 98.5% अंक लाकर पांचवां स्थान पाने वाली मेघा बन गई प्रेरणा
सक्ति जिले की जैजैपुर निवासी मेघा चंद्रा ने बिना कोचिंग के घर में पढ़ाई कर 98.5% अंक हासिल किए और प्रदेश में पांचवां स्थान प्राप्त किया। उनकी सफलता ने साबित किया कि आत्मविश्वास और अनुशासन ही असली मार्गदर्शक हैं।
छात्रों के सपनों को मिली उड़ान
इन प्रतिभाशाली छात्रों की सफलता न केवल उनके लिए गर्व की बात है, बल्कि उनके परिवार, गांव और स्कूल के लिए भी प्रेरणा बन गई है। कई छात्रों ने बिना किसी अतिरिक्त संसाधन के केवल मेहनत और आत्मविश्वास से यह मुकाम हासिल किया। इन छात्रों की कहानियां उन सभी विद्यार्थियों के लिए मिसाल हैं, जो कठिन परिस्थितियों के बावजूद कुछ बड़ा करना चाहते हैं।



