भीषण गर्मी में न्याय के लिए तड़पता दंपत्ति, लोटते हुए पहुंचे कलेक्टर कार्यालय , कहा- न्याय नहीं मिला तो उठाएंगे बड़ा कदम

इंदौर (शिखर दर्शन) // तपती दोपहर, सिर पर तेज धूप और शरीर झुलसा देने वाली गर्मी भी एक दंपत्ति के न्याय की पुकार को रोक नहीं सकी। मंगलवार को इंदौर कलेक्टर कार्यालय में जनसुनवाई के दौरान एक हृदयविदारक दृश्य देखने को मिला, जब एक दंपत्ति न्याय की आस में ज़मीन पर लोटते हुए कलेक्ट्रेट परिसर में पहुंचा। यह दृश्य वहां मौजूद हर किसी को झकझोर गया।
दंपत्ति का आरोप है कि तेजाजी नगर क्षेत्र में स्थित उनके प्लॉट पर दो युवकों– शेखर और गोलू– ने पिछले दो वर्षों से अवैध रूप से कब्जा कर रखा है। जब उन्होंने इसका विरोध किया, तो आरोपियों ने उन्हें जान से मारने की धमकी दी। इस संबंध में उन्होंने पुलिस और प्रशासन से बार-बार गुहार लगाई, लेकिन हर बार सिर्फ आश्वासन ही मिला।
पीड़ित दंपत्ति का कहना है कि वे बीते दो वर्षों से थाने और सरकारी दफ्तरों के चक्कर काटते रहे हैं, परंतु अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। आखिरकार, सिस्टम की उदासीनता और लाचारी से तंग आकर उन्होंने यह अपील का तरीका चुना।
कलेक्ट्रेट कार्यालय के बाहर मौजूद पुलिसकर्मियों ने उन्हें अंदर जाने से रोका भी, लेकिन बार-बार मिन्नतें करने के बाद उन्हें जनसुनवाई में शामिल होने की अनुमति दी गई। दंपत्ति ने प्रशासन को चेतावनी दी है कि यदि इस बार भी उन्हें न्याय नहीं मिला, तो वे सीधे मुख्यमंत्री से मिलकर अपनी पीड़ा व्यक्त करेंगे।
इस पूरे घटनाक्रम ने एक बार फिर प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल खड़े कर दिए हैं कि आखिर पीड़ितों को समय रहते राहत क्यों नहीं मिल पा रही ? और क्या आम आदमी को न्याय पाने के लिए यूं सड़कों पर लोटना ही पड़ेगा ?



