न भूतो न भविष्यति… महाकुंभ में साय सरकार का संगम स्नान, जानिए BJP प्रदेश अध्यक्ष, मंत्री, सांसद और विधायकों ने क्या कहा…

छत्तीसगढ़ की साय सरकार ने संगम में लगाई आस्था की डुबकी, CM, राज्यपाल, मंत्री और विधायकों ने की पूजा-अर्चना
प्रयागराज (शिखर दर्शन) // महाकुंभ 2025 के पावन अवसर पर छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय गुरुवार को अपने मंत्रिमंडल सहयोगियों और विधायकों के साथ प्रयागराज पहुंचे। राज्यपाल रमेन डेका, विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह, बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष किरण देव सिंह समेत भाजपा और कांग्रेस के विधायकों ने संगम में स्नान कर आस्था व्यक्त की। इस अवसर पर सभी ने छत्तीसगढ़ की समृद्धि और खुशहाली की कामना करते हुए मां गंगा की आरती की।
“न भूतो न भविष्यति… यह अद्भुत संयोग”
बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष किरण देव सिंह ने इस अवसर को ऐतिहासिक बताते हुए कहा, “न भूतो न भविष्यति… यह अद्भुत संयोग है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, विधानसभा अध्यक्ष, राज्यपाल समेत सभी सांसद-विधायक मां गंगा का आशीर्वाद लेने पहुंचे हैं। यह अवसर बार-बार नहीं आता। यहां स्वाभाविक रूप से पारिवारिक वातावरण है। कांग्रेस के नेताओं को भी इस महाकुंभ में शामिल होकर पुण्य लाभ लेना चाहिए।”
“महाकुंभ में कोई राजनीतिक भेदभाव नहीं” – वन मंत्री
वन मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि यह सौभाग्य की बात है कि 144 वर्षों बाद ऐसा संयोग बना है। उन्होंने कहा, “यहां राजनीति से ऊपर उठकर सभी लोग आए हैं। कांग्रेस के विधायक भी हमारे साथ हैं। यह सनातन संस्कृति का संगम है, जहां करोड़ों श्रद्धालु एक साथ पुण्य स्नान कर रहे हैं।”
“बिन मांगे सबकुछ मिलता है” – सांसद सरोज पांडेय
राज्यसभा सांसद सरोज पांडेय ने संगम स्नान को सौभाग्य बताते हुए कहा, “छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री, राज्यपाल और विधानसभा अध्यक्ष समेत पूरा प्रतिनिधिमंडल यहां आया है। मां गंगा ने हमें सबकुछ दिया है, कुछ मांगने की जरूरत ही नहीं। आस्था में राजनीति नहीं होनी चाहिए, हम सब सनातन धर्म को मानते हैं।” जब राहुल गांधी के महाकुंभ आने के सवाल पर उन्होंने कहा, “अगर वे खुद को हिंदू मानते हैं, तो उन्हें जरूर आना चाहिए।”
“अद्भुत नजारा, हर दिन करोड़ों श्रद्धालु”
छत्तीसगढ़ सरकार के एक अधिकारी ने प्रयागराज में चल रहे महाकुंभ को अविस्मरणीय बताते हुए कहा, “मुख्यमंत्री, विधानसभा अध्यक्ष और अन्य मंत्रीगण के नेतृत्व में 180 लोगों का दल यहां पहुंचा है। प्रशासन की व्यवस्था बेहतरीन है। हर दिन डेढ़ से दो करोड़ श्रद्धालु संगम स्नान कर रहे हैं। यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रयासों से इतना भव्य आयोजन संभव हुआ है।”
छत्तीसगढ़ पवेलियन में होगा विशेष आयोजन
महाकुंभ में स्नान और पूजा-अर्चना के बाद छत्तीसगढ़ पवेलियन में विशेष कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा, जहां प्रतिनिधिमंडल के लिए भोग-प्रसाद और सत्संग का आयोजन होगा। सरकार के वरिष्ठ अधिकारी और संत समाज भी इसमें भाग लेंगे।
महाकुंभ का यह पावन पर्व श्रद्धालुओं के लिए आध्यात्मिक ऊर्जा का स्रोत बन रहा है, जहां आस्था और संस्कृति का अनूठा संगम देखने को मिल रहा है।



