फ्रांस को भाया भारत का ‘पिनाका’ रॉकेट सिस्टम, राष्ट्रपति मैक्रों पीएम मोदी से कर सकते हैं बड़ी रक्षा डील

पेरिस (शिखर दर्शन) // प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इन दिनों अपने तीन दिवसीय फ्रांस दौरे पर हैं, जहां पेरिस पहुंचने पर फ्रांसीसी राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। दोनों नेताओं के बीच द्विपक्षीय वार्ता होगी, जिसमें रक्षा सहयोग को नए स्तर पर ले जाने पर चर्चा होगी। खास बात यह है कि फ्रांस ने भारत के पिनाका मल्टी-बैरल रॉकेट सिस्टम में गहरी दिलचस्पी दिखाई है और इसे लेकर एक बड़ी रक्षा डील की संभावना जताई जा रही है।
भारत का हथियार आपूर्तिकर्ता अब बनेगा खरीदार!
फ्रांस भारत का दूसरा सबसे बड़ा रक्षा आपूर्तिकर्ता देश है, लेकिन यह पहली बार होगा जब वह भारत से कोई बड़ा हथियार खरीद सकता है। डीआरडीओ के मिसाइल और रणनीतिक प्रणाली महानिदेशक उम्मालनेनी राजा बाबू के अनुसार, फ्रांस पिनाका रॉकेट सिस्टम को लेकर सक्रिय रूप से बातचीत कर रहा है। तीन महीने पहले फ्रांस से आए एक प्रतिनिधिमंडल को पिनाका दिखाया गया था, जिसे उन्होंने पसंद किया। हालांकि डील अभी पक्की नहीं हुई है, लेकिन दोनों देशों के बीच इस पर गहन बातचीत जारी है।
क्या है पिनाका रॉकेट सिस्टम की खासियत?
भारतीय रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (DRDO) द्वारा विकसित पिनाका रॉकेट सिस्टम को भगवान शिव के धनुष ‘पिनाक’ के नाम पर रखा गया है। यह एक अत्याधुनिक मल्टी-बैरल रॉकेट लॉन्चर है, जो 44 सेकंड में 12 रॉकेट दागने की क्षमता रखता है। इसकी मौजूदा रेंज 7 किमी से 90 किमी तक है, लेकिन DRDO इसे 120 से 300 किमी तक बढ़ाने की योजना पर काम कर रहा है।
रॉकेट की गति और विनाशक क्षमता
पिनाका रॉकेट 5757.70 किमी/घंटा की गति से उड़ता है, यानी एक सेकंड में 1.61 किमी की दूरी तय करता है। यह कई प्रकार के हथियार ले जाने में सक्षम है, जिनमें हाई एक्सप्लोसिव फ्रैगमेंटेशन, क्लस्टर बम, एंटी-पर्सनल, एंटी-टैंक और बारूदी सुरंग उड़ाने वाले हथियार शामिल हैं।
भारत का बढ़ता रक्षा निर्यात
भारत, जो दुनिया में सबसे अधिक हथियार खरीदने वाला देश है, अब ‘मेक इन इंडिया’ के तहत अपने रक्षा उत्पादन को मजबूत कर रहा है। वियतनाम, फिलीपींस और इंडोनेशिया जैसे देशों के बाद अब फ्रांस ने भी भारतीय हथियारों में रुचि दिखाई है। अगर पिनाका सौदा होता है, तो यह भारत की रक्षा निर्यात नीति के लिए एक बड़ी सफलता होगी।

प्रधानमंत्री मोदी के इस दौरे से भारत-फ्रांस के रक्षा संबंधों को नया आयाम मिलने की उम्मीद है। राष्ट्रपति मैक्रों और पीएम मोदी की इस मुलाकात के बाद दोनों देशों के बीच ऐतिहासिक रक्षा समझौते की घोषणा हो सकती है।
