अलास्का विमान हादसा: बर्फ में दबे मिले सभी 10 यात्रियों के शव, दुर्घटना की वजह बनी रहस्य

अलास्का (अमेरिका) // अमेरिका के अलास्का में एक दर्दनाक विमान हादसा हुआ, जिसमें सभी 10 यात्रियों की मौत हो गई। हादसे के बाद बचाव दलों ने शवों की तलाश शुरू की, जो आखिरकार बेरिंग सागर में बर्फ से ढके इलाके में मिले। अधिकारियों ने बताया कि यह विमान उनालाक्लीट से उड़ान भरकर नोम की ओर जा रहा था, लेकिन गुरुवार दोपहर रडार से संपर्क टूटने के बाद दुर्घटनाग्रस्त हो गया।
बचाव अभियान में मौसम बना बाधा
नोम वालंटियर दमकल विभाग ने शनिवार को अपने फेसबुक पेज पर जानकारी दी कि सभी शवों को निकाल लिया गया है। अलास्का नागरिक सुरक्षा विभाग के अनुसार, गुरुवार को विमान का संपर्क टूटने के बाद खोज अभियान में भारी बर्फबारी और आंधी के कारण देरी हुई। शुक्रवार को जब मौसम थोड़ा साफ हुआ, तब जाकर विमान का मलबा समुद्र की जमी हुई सतह पर मिला।
फ्लाइट ने 39 मिनट बाद खो दिया संपर्क
“बेरिंग एयर” के संचालन निदेशक डेविड ओल्सन ने बताया कि विमान अपराह्न 2:37 बजे उनालाक्लीट से रवाना हुआ था और उड़ान भरने के 39 मिनट बाद ही रडार से गायब हो गया। नेशनल वेदर सर्विस के अनुसार, हादसे के समय क्षेत्र में हल्का हिमपात और कोहरा था, जिससे दृश्यता प्रभावित हुई।
ब्लैक बॉक्स की तलाश जारी
अमेरिकी तटरक्षक बल और स्थानीय प्रशासन की टीमें बचाव अभियान में जुटी हैं, लेकिन बर्फबारी और तेज हवाओं के कारण हेलिकॉप्टर ऑपरेशन बाधित हो रहा है। अधिकारियों ने कहा कि मौसम साफ होते ही बचाव कार्य तेज किया जाएगा और विमान के ब्लैक बॉक्स को खोजने की कोशिश जारी रहेगी, जिससे हादसे की असली वजह का पता चल सके।
अलास्का में क्यों होती हैं अधिक विमान दुर्घटनाएँ?
उनालाक्लीट और नोम, अलास्का के महत्वपूर्ण क्षेत्र हैं, जो अपनी दुर्गम भौगोलिक स्थितियों और खराब मौसम के कारण जाने जाते हैं। दोनों के बीच की दूरी 235 किलोमीटर है, जहां तेज हवाएं और बर्फीले तूफान उड़ानों के लिए खतरा पैदा करते हैं। 1890 के दशक में सोने की खोज के लिए चर्चित नोम, आज भी एक अहम क्षेत्र माना जाता है।
रहस्य बनी दुर्घटना की वजह
अमेरिकी कोस्ट गार्ड के अनुसार, दुर्घटनाग्रस्त विमान में एक इमरजेंसी ट्रांसमीटर था, जो किसी भी आपात स्थिति में सैटेलाइट को सिग्नल भेज सकता था, लेकिन इस बार कोई सिग्नल नहीं मिला। विमान की रफ्तार अचानक बढ़ने और ऊपर उठने की रिपोर्ट भी सामने आई है, जिससे दुर्घटना की वजह अब भी रहस्य बनी हुई है।



