“ट्रंप के शपथ ग्रहण के साथ भारतीयों के लिए बढ़ा संकट: अमेरिका में अवैध रूप से रह रहे भारतीयों पर उठेगा खतरा, 18 हजार भारतीयों को किया जा सकता है निर्वासित !”

डोनाल्ड ट्रंप के राष्ट्रपति पद की शपथ लेने के बाद से अमेरिका में अवैध प्रवासियों के खिलाफ कड़े कदम उठाए जाने की बात हो रही है। ट्रंप ने अमेरिका-मैक्सिको सीमा पर नेशनल इमरजेंसी घोषित करते हुए कहा था कि अवैध प्रवासियों को तुरंत वापस भेजने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। अब ब्लूमबर्ग के दावे के अनुसार, अमेरिका से 18 हजार अवैध भारतीय प्रवासियों को वापस भेजने की योजना है, जिससे भारत और अमेरिका के बीच सहयोग की आवश्यकता बढ़ती जा रही है।
ट्रंप ने सोमवार को अमेरिका के 47वें राष्ट्रपति के रूप में शपथ ली, और इसके बाद से वह अवैध प्रवासियों के खिलाफ सख्त कदम उठाने के पक्ष में हैं। ट्रंप प्रशासन ने यह स्पष्ट किया है कि अवैध रूप से अमेरिका में रह रहे प्रवासियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी, और भारतीय प्रवासियों पर इसका प्रभाव पड़ सकता है।
ब्लूमबर्ग ने दावा किया है कि अमेरिका में 18 हजार अवैध भारतीयों को वापस भेजा जाएगा, और इस मुद्दे पर भारत और अमेरिका के बीच सहयोग बढ़ेगा। हालांकि, इस पूरी प्रक्रिया की दिशा और नियम अभी स्पष्ट नहीं हैं।
पीयू रिसर्च सेंटर के 2022 के आकलन के अनुसार, अमेरिका में करीब 7.25 लाख भारतीय अवैध रूप से रह रहे हैं, और यह संख्या उस 10 करोड़ 10 लाख अवैध प्रवासियों का हिस्सा है, जो अमेरिका में अवैध रूप से निवास कर रहे हैं। भारत ने हमेशा यह موقف रखा है कि भारतीय नागरिकों को जहां भी रहना हो, वहां के कानूनों का पालन करना चाहिए।
अब देखने की बात होगी कि ट्रंप के इस कदम के बाद भारतीय प्रवासियों की स्थिति पर क्या असर पड़ेगा, और क्या भारत और अमेरिका के बीच इस मुद्दे पर और सहयोग बढ़ेगा।



